जगदीशपुर: कबीर जयंती पर पीस सेंटर परिधी की और कला केंद्र की ओर से कला केंद्र के मंच पर ढाई आखर प्रेम का कार्यक्रम का आयोजन हुआ
कबीर जयंती पर पीस सेंटर परिधि और कला केंद्र की ओर से कला केंद्र के मंच पर ढाई आखर प्रेम का कार्यक्रम का आयोजन हुआ विनय भारती के संगीत संयोजन में कबीर की कुंडलियां दोहे साखी और निर्गुण गाए गए कार्यक्रम के भागीदार बने गुनी जनों ने कबीर को याद करते हुए कहा कबीर एक साथ संत समाज सुधारक धर्म सुधारक दार्शनिक और कवि थे कबीर ने यह साबित किया कि ज्ञान केवलऔपचारिक शिक्