धालभूमगढ़ के निलंबित थाना प्रभारी पवन कुमार ने महिला आरक्षी के आरोपों को झूठा और साजिशन बताया है। उन्होंने कहा कि जिस दिन फोन पर बात करने का आरोप लगाया गया, उस समय वे अपनी पत्नी और बच्ची से बातचीत कर रहे थे, जिसका कॉल डिटेल उनके पास मौजूद है। उन्होंने कहा कि हाथ पकड़ने का आरोप भी निराधार है, क्योंकि उसी आरक्षी ने बाद में खुद उन्हें दो बार फोन किया।