छीपाबड़ोद: उपेक्षा की शिकार बावड़ी को संरक्षण की दरकार
छीपाबड़ौद । क्षेत्र के दीगोद जागीर गांव में स्थित एक पौराणिक और ऐतिहासिक प्राचीन बावड़ी आज सरकारी तंत्र की बेरुखी और उपेक्षा के कारण अपने अस्तित्व की लड़ाई लड़ रही है। महादेव मंदिर के पास स्थित यह अमूल्य धरोहर रख-रखाव और सरकारी संरक्षण के अभाव में दिन-ब-दिन जीर्ण-शीर्ण अवस्था में पहुंचती जा रही है। दीवारों पर उकेरी हैं देवी-देवताओं की मूर्तियां, मौजूद हैं। य