Public App Logo
Jansamasya
News
पुलिस
बॉलीवुड
Bjp
National
Police
Bihar
India
रेलवे
कांग्रेस
बीजेपी
Congress
Modi
Delhi
Viral
Dm
Rajasthan
Bollywood
दिल्ली
Patna
Breakingnews
Narendramodi
Madhya_pradesh
अनिल
उत्तरप्रदेश
Pmmodi
Rahulgandhi
कानपुर
Uttarpradesh
No video available

कटनी नगर: तेज़ हवा और बारिश के साथ बदला मौसम का मिजाज #निवार #पहाड़ी #कटनी

Katni Nagar, Katni | Dec 28, 2021

MORE NEWS

जिले में अब तक 320.3 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज
पिछले साल की तुलना में इस साल अब तक 47.8 फीसदी कम औसत वर्षा की गई रिकॉर्ड
कटनी (23 जुलाई) - जिले में 1 जून से 23 जुलाई तक कुल 320.3 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई है। विदित हो कि पिछले आलोच्‍य अवधि के दौरान जिले में 613.6 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई। इस अवधि के दौरान रीठी तहसील में रिकार्ड 772.3 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई थी।
 जबकि इस वर्ष जिले में इस अवधि के दौरान सबसे अधिक औसत वर्षा तहसील स्लीमनाबाद में दर्ज की गई है, जहाँ अब तक 648.4 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गयी है।
 अधीक्षक भू-अभिलेख मुन्ना लाल तिवारी ने बताया कि जिले में इस अवधि में कटनी तहसील में 323.7 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई है। जबकि तहसील रीठी में 431.3 मिलीमीटर, बड़वारा तहसील में 158.5 मिलीमीटर, बरही तहसील में 195.8 मिलीमीटर और विजयराघवगढ़ तहसील में 239.1 मिलीमीटर, बहोरीबंद तहसील में कुल 298.8 मिलीमीटर एवं स्लीमनाबाद तहसील में 648.4 मिलीमीटर तथा ढीमरखेड़ा तहसील में 264.3 मिल�

जिले में अब तक 320.3 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज पिछले साल की तुलना में इस साल अब तक 47.8 फीसदी कम औसत वर्षा की गई रिकॉर्ड कटनी (23 जुलाई) - जिले में 1 जून से 23 जुलाई तक कुल 320.3 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई है। विदित हो कि पिछले आलोच्‍य अवधि के दौरान जिले में 613.6 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई। इस अवधि के दौरान रीठी तहसील में रिकार्ड 772.3 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई थी। जबकि इस वर्ष जिले में इस अवधि के दौरान सबसे अधिक औसत वर्षा तहसील स्लीमनाबाद में दर्ज की गई है, जहाँ अब तक 648.4 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गयी है। अधीक्षक भू-अभिलेख मुन्ना लाल तिवारी ने बताया कि जिले में इस अवधि में कटनी तहसील में 323.7 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई है। जबकि तहसील रीठी में 431.3 मिलीमीटर, बड़वारा तहसील में 158.5 मिलीमीटर, बरही तहसील में 195.8 मिलीमीटर और विजयराघवगढ़ तहसील में 239.1 मिलीमीटर, बहोरीबंद तहसील में कुल 298.8 मिलीमीटर एवं स्लीमनाबाद तहसील में 648.4 मिलीमीटर तथा ढीमरखेड़ा तहसील में 264.3 मिल�

Katni, Madhya Pradesh | Jul 24, 2026

बिना लाइसेंस बीज के विक्रय करने पर रीठी में विक्रेता के विरूद्ध दर्ज हुई एफआईआर
कटनी (23 जुलाई) – किसानों को गुणवत्तायुक्त एवं प्रमाणित बीज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कलेक्‍टर श्री आशीष तिवारी के निर्देश पर जिले में अवैध बीज व्‍यापारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की गई है। कलेक्टर श्री तिवारी के निर्देश पर कृषि विभाग द्वारा रीठी क्षेत्र में छापेमारी कर बिना वैध लाइसेंस धान बीज का भंडारण और बिक्री करने वाले ‘पाण्डेय कृषि केंद्र’ के संचालक के विरूद्ध गुरूवार को रीठी पुलिस थाना में एफआईआर दर्ज कराई गई है।
निरीक्षण में उजागर हुई अनियमितता
 कृषि विभाग के बीज निरीक्षक मुकेश लोधी ने 8 जुलाई 2026 को ग्राम मुहास स्थित पाण्‍डेय कृषि केन्‍द्र का औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान पाया गया कि केंद्र बिना किसी वैध लाइसेंस के धान बीजों का भंडारण एवं विक्रय कर रहा था। कार्रवाई के दौरान विभाग ने कुल 7 क्विंटल धान बीज जब्त किए, जिनमें सुपर गंगा काव�

बिना लाइसेंस बीज के विक्रय करने पर रीठी में विक्रेता के विरूद्ध दर्ज हुई एफआईआर कटनी (23 जुलाई) – किसानों को गुणवत्तायुक्त एवं प्रमाणित बीज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कलेक्‍टर श्री आशीष तिवारी के निर्देश पर जिले में अवैध बीज व्‍यापारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की गई है। कलेक्टर श्री तिवारी के निर्देश पर कृषि विभाग द्वारा रीठी क्षेत्र में छापेमारी कर बिना वैध लाइसेंस धान बीज का भंडारण और बिक्री करने वाले ‘पाण्डेय कृषि केंद्र’ के संचालक के विरूद्ध गुरूवार को रीठी पुलिस थाना में एफआईआर दर्ज कराई गई है। निरीक्षण में उजागर हुई अनियमितता कृषि विभाग के बीज निरीक्षक मुकेश लोधी ने 8 जुलाई 2026 को ग्राम मुहास स्थित पाण्‍डेय कृषि केन्‍द्र का औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान पाया गया कि केंद्र बिना किसी वैध लाइसेंस के धान बीजों का भंडारण एवं विक्रय कर रहा था। कार्रवाई के दौरान विभाग ने कुल 7 क्विंटल धान बीज जब्त किए, जिनमें सुपर गंगा काव�

Katni, Madhya Pradesh | Jul 24, 2026

🔳शिक्षा की अलख जगाने खेतों तक पहुंचे गुरुजी

🔳16 किलोमीटर का कठिन सफर तय कर धान रोप रहे विद्यार्थियों से मिले शिक्षक, अभिभावकों को समझाया—“आज खेत नहीं, स्कूल ज्यादा जरूरी”

🔳कटनी - शिक्षा केवल स्कूल की चारदीवारी तक सीमित नहीं होती, बल्कि एक सच्चा शिक्षक वहां तक पहुंचता है, जहां उसका विद्यार्थी होता है। रीठी विकासखंड के आदिवासी अंचल स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नैंगवा के शिक्षकों ने इसी सोच को साकार करते हुए एक प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत किया है, जिसने शिक्षा के प्रति उनके समर्पण को नई पहचान दी है।

          नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के बाद विद्यालय में विद्यार्थियों की उपस्थिति अपेक्षा से कम थी। यह केवल आंकड़ों का विषय नहीं था, बल्कि शिक्षकों की चिंता का कारण भी बन गया। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के नामांकन बढ़ाने संबंधी निर्देशों के पालन में शिक्षकों ने बच्चों का इंतजार करने के बजाय स्वयं उनकी तलाश शुरू की। जब वे गांव पहुंचे तो अधिकांश घर सूने मिले। जानकारी मिली कि परिवार के सदस्य खेतों में धान रोपाई के लिए गए हैं और बच्चे भी उनके साथ काम में लगे हुए हैं।

          इस जानकारी के बाद विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य श्री विपिन तिवारी एवं अतिथि शिक्षकों ने बिना समय गंवाए लगभग 16 किलोमीटर का कठिन सफर तय किया। कच्चे रास्तों और खेतों के बीच पहुंचकर उन्होंने उन विद्यार्थियों से मुलाकात की, जिनके हाथों में इस समय किताबों की जगह धान के पौधे थे।

          शिक्षकों ने बच्चों और उनके अभिभावकों से आत्मीय संवाद करते हुए समझाया कि खेती भले ही परिवार की आजीविका का आधार है, लेकिन शिक्षा बच्चों के पूरे जीवन की दिशा तय करती है। उन्होंने कहा कि यदि बच्चे नियमित रूप से विद्यालय जाएंगे, तो वे भविष्य में अपने परिवार की आर्थिक और सामाजिक स्थिति बदलने में सक्षम बनेंगे।

          शिक्षकों की इस संवेदनशील पहल और समर्पण से प्रभावित अभिभावकों ने आश्वासन दिया कि वे अब बच्चों को खेतों में साथ नहीं ले जाएंगे और उन्हें नियमित रूप से विद्यालय भेजेंगे।

          यह पहल जिला प्रशासन और स्कूल शिक्षा विभाग के उस संकल्प को भी मजबूती देती है, जिसके तहत “हर बच्चा स्कूल में, हर बच्चे तक शिक्षा” के लक्ष्य के साथ जिलेभर में घर-घर संपर्क अभियान चलाया जा रहा है। शिक्षक केवल नामांकन तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह सुनिश्चित करने में जुटे हैं कि प्रत्येक बच्चा नियमित रूप से विद्यालय पहुंचे और उसकी पढ़ाई बाधित न हो।

          रीठी के नैंगवा विद्यालय की यह पहल स्पष्ट करती है कि जब शिक्षक अपने दायित्व को नौकरी नहीं, बल्कि मिशन मान लेते हैं, तब शिक्षा बच्चों का इंतजार नहीं करती, बल्कि स्वयं खेतों, पगडंडियों और दूरस्थ बस्तियों तक पहुंच जाती है। यही समर्पण शिक्षा को जन-आंदोलन का रूप देता है और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य को संवारता है।
#JansamparkMP 
#CMMadhyaPradesh 
#DrMohanYadav51 
#udaypratapmp 
#jbpcommissioner 
#katni 
#कटनी

🔳शिक्षा की अलख जगाने खेतों तक पहुंचे गुरुजी 🔳16 किलोमीटर का कठिन सफर तय कर धान रोप रहे विद्यार्थियों से मिले शिक्षक, अभिभावकों को समझाया—“आज खेत नहीं, स्कूल ज्यादा जरूरी” 🔳कटनी - शिक्षा केवल स्कूल की चारदीवारी तक सीमित नहीं होती, बल्कि एक सच्चा शिक्षक वहां तक पहुंचता है, जहां उसका विद्यार्थी होता है। रीठी विकासखंड के आदिवासी अंचल स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय नैंगवा के शिक्षकों ने इसी सोच को साकार करते हुए एक प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत किया है, जिसने शिक्षा के प्रति उनके समर्पण को नई पहचान दी है। नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के बाद विद्यालय में विद्यार्थियों की उपस्थिति अपेक्षा से कम थी। यह केवल आंकड़ों का विषय नहीं था, बल्कि शिक्षकों की चिंता का कारण भी बन गया। कलेक्टर श्री आशीष तिवारी के नामांकन बढ़ाने संबंधी निर्देशों के पालन में शिक्षकों ने बच्चों का इंतजार करने के बजाय स्वयं उनकी तलाश शुरू की। जब वे गांव पहुंचे तो अधिकांश घर सूने मिले। जानकारी मिली कि परिवार के सदस्य खेतों में धान रोपाई के लिए गए हैं और बच्चे भी उनके साथ काम में लगे हुए हैं। इस जानकारी के बाद विद्यालय के प्रभारी प्राचार्य श्री विपिन तिवारी एवं अतिथि शिक्षकों ने बिना समय गंवाए लगभग 16 किलोमीटर का कठिन सफर तय किया। कच्चे रास्तों और खेतों के बीच पहुंचकर उन्होंने उन विद्यार्थियों से मुलाकात की, जिनके हाथों में इस समय किताबों की जगह धान के पौधे थे। शिक्षकों ने बच्चों और उनके अभिभावकों से आत्मीय संवाद करते हुए समझाया कि खेती भले ही परिवार की आजीविका का आधार है, लेकिन शिक्षा बच्चों के पूरे जीवन की दिशा तय करती है। उन्होंने कहा कि यदि बच्चे नियमित रूप से विद्यालय जाएंगे, तो वे भविष्य में अपने परिवार की आर्थिक और सामाजिक स्थिति बदलने में सक्षम बनेंगे। शिक्षकों की इस संवेदनशील पहल और समर्पण से प्रभावित अभिभावकों ने आश्वासन दिया कि वे अब बच्चों को खेतों में साथ नहीं ले जाएंगे और उन्हें नियमित रूप से विद्यालय भेजेंगे। यह पहल जिला प्रशासन और स्कूल शिक्षा विभाग के उस संकल्प को भी मजबूती देती है, जिसके तहत “हर बच्चा स्कूल में, हर बच्चे तक शिक्षा” के लक्ष्य के साथ जिलेभर में घर-घर संपर्क अभियान चलाया जा रहा है। शिक्षक केवल नामांकन तक सीमित नहीं हैं, बल्कि यह सुनिश्चित करने में जुटे हैं कि प्रत्येक बच्चा नियमित रूप से विद्यालय पहुंचे और उसकी पढ़ाई बाधित न हो। रीठी के नैंगवा विद्यालय की यह पहल स्पष्ट करती है कि जब शिक्षक अपने दायित्व को नौकरी नहीं, बल्कि मिशन मान लेते हैं, तब शिक्षा बच्चों का इंतजार नहीं करती, बल्कि स्वयं खेतों, पगडंडियों और दूरस्थ बस्तियों तक पहुंच जाती है। यही समर्पण शिक्षा को जन-आंदोलन का रूप देता है और आने वाली पीढ़ियों के भविष्य को संवारता है। #JansamparkMP #CMMadhyaPradesh #DrMohanYadav51 #udaypratapmp #jbpcommissioner #katni #कटनी

Katni, Madhya Pradesh | Jul 23, 2026

🔳सांदीपनि विद्यालय झिंझरी के विद्यार्थियों को दिया गया जैविक खेती का प्रशिक्षण

🔳कटनी  - शिक्षा के साथ स्वरोजगार स्थापित करने के लिए व्यावसायिक शिक्षा के अंतर्गत कृषि विषय का अध्ययन कर रहे सांदीपनि शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, झिंझरी के विद्यार्थियों को जैविक कृषि विशेषज्ञ राम सुख दुबे द्वारा प्रशिक्षण दिया गया।

          प्राचार्य अजय शंकर पांडे के मार्गदर्शन एवं उपस्थिति में आयोजित इस प्रशिक्षण में विद्यार्थियों को जैविक खेती से जुड़ी जानकारियां दी गई। विद्यार्थियों को बताया गा कि         जैविक खेती के लिए पशुपालन आवश्यक है। देसी गाय के गोबर एवं गोमूत्र के जैविक खेती में उपयोग के विषय में बताया गया।

          प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि देश में हरित क्रांति लागू होने के बाद कृषकों द्वारा असंतुलित मात्रा में रासायनिक खाद एवं कीटनाशकों का उपयोग करने से न केवल भूमि, मानव स्वास्थ्य एवं पर्यावरण को नुकसान हो रहा है। बल्कि, भूमि में पोषक  तत्व एवं जीवाणु कम हो रहे हैं। छात्रों को बताया गया कि देसी गाय के एक ग्राम गोबर में 300 से 500 करोड़ सूक्ष्म जीवाणु तथा गोमूत्र में 33 प्रकार के तत्व पाए जाते हैं।

          प्रशिक्षण के दौरान विद्यार्थियों को कम लागत तकनीकी, जीरो बजट फार्मिंग, प्राकृतिक खेती की भी तकनीकी जानकारी दी गई। जैविक खाद एवं कीटनाशकों को बनाने तथा फसलों में उपयोग के विषय में भी बतलाया गया। प्र

शिक्षण संपन्न कराने में शिक्षक डॉक्टर धीरेंद्र कुमार अग्रवाल एवं व्यवसायिक शिक्षक श्री कुशवाहा ने सहयोग किया।
#JansamparkMP 
#CMMadhyaPradesh 
#DrMohanYadav51 
#udaypratapmp 
#jbpcommissioner 
#katni 
#कटनी

🔳सांदीपनि विद्यालय झिंझरी के विद्यार्थियों को दिया गया जैविक खेती का प्रशिक्षण 🔳कटनी - शिक्षा के साथ स्वरोजगार स्थापित करने के लिए व्यावसायिक शिक्षा के अंतर्गत कृषि विषय का अध्ययन कर रहे सांदीपनि शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, झिंझरी के विद्यार्थियों को जैविक कृषि विशेषज्ञ राम सुख दुबे द्वारा प्रशिक्षण दिया गया। प्राचार्य अजय शंकर पांडे के मार्गदर्शन एवं उपस्थिति में आयोजित इस प्रशिक्षण में विद्यार्थियों को जैविक खेती से जुड़ी जानकारियां दी गई। विद्यार्थियों को बताया गा कि जैविक खेती के लिए पशुपालन आवश्यक है। देसी गाय के गोबर एवं गोमूत्र के जैविक खेती में उपयोग के विषय में बताया गया। प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि देश में हरित क्रांति लागू होने के बाद कृषकों द्वारा असंतुलित मात्रा में रासायनिक खाद एवं कीटनाशकों का उपयोग करने से न केवल भूमि, मानव स्वास्थ्य एवं पर्यावरण को नुकसान हो रहा है। बल्कि, भूमि में पोषक तत्व एवं जीवाणु कम हो रहे हैं। छात्रों को बताया गया कि देसी गाय के एक ग्राम गोबर में 300 से 500 करोड़ सूक्ष्म जीवाणु तथा गोमूत्र में 33 प्रकार के तत्व पाए जाते हैं। प्रशिक्षण के दौरान विद्यार्थियों को कम लागत तकनीकी, जीरो बजट फार्मिंग, प्राकृतिक खेती की भी तकनीकी जानकारी दी गई। जैविक खाद एवं कीटनाशकों को बनाने तथा फसलों में उपयोग के विषय में भी बतलाया गया। प्र शिक्षण संपन्न कराने में शिक्षक डॉक्टर धीरेंद्र कुमार अग्रवाल एवं व्यवसायिक शिक्षक श्री कुशवाहा ने सहयोग किया। #JansamparkMP #CMMadhyaPradesh #DrMohanYadav51 #udaypratapmp #jbpcommissioner #katni #कटनी

Katni, Madhya Pradesh | Jul 23, 2026

जब सड़क किनारे लगी कलेक्टर की ‘पाठशाला’

खदान निरीक्षणकर लौटते समय बच्चों के बीच रुके कलेक्टर

बच्चों से एबीसीडी व पहाड़ा सुनकर बढ़ाया हौसला, दिया पेन-कॉपी का उपहार

नन्हे शिवराज का स्कूल में नाम लिखवाने कलेक्टर नें किया प्रेरित

कटनी (22 जुलाई) -  प्रशासनिक दायित्वों के बीच भी बच्चों के प्रति संवेदनशीलता और शिक्षा के प्रति समर्पण का प्रेरक उदाहरण उस समय देखने को मिला, जब कलेक्‍टर श्री आशीष तिवारी स्‍लीमनाबाद क्षेत्र के ग्राम निमास स्थित मार्बल खदान का निरीक्षण कर बुधवार को वापस लौटते समय छोटे कछारगांव में स्‍कूल की छुटटी के बाद घर जाते दिखे छात्रों के पास कलेक्‍टर ने अपने वाहन रूकवाया और छात्र-छात्राओं से पढाई लिखाई के बारे में जानकारी प्राप्‍त की। कुछ ही देर में यह मुलाकात स्‍कूलीं छात्रों के लिए यादगार अनुभव बन गई और आसपास मौजूद ग्रामीण भी इस दृश्य को देखकर प्रभावित हुए।

निमास और कछार के विद्यार्थियों से की चर्चा

संवाद के दौरान ब�

जब सड़क किनारे लगी कलेक्टर की ‘पाठशाला’ खदान निरीक्षणकर लौटते समय बच्चों के बीच रुके कलेक्टर बच्चों से एबीसीडी व पहाड़ा सुनकर बढ़ाया हौसला, दिया पेन-कॉपी का उपहार नन्हे शिवराज का स्कूल में नाम लिखवाने कलेक्टर नें किया प्रेरित कटनी (22 जुलाई) -  प्रशासनिक दायित्वों के बीच भी बच्चों के प्रति संवेदनशीलता और शिक्षा के प्रति समर्पण का प्रेरक उदाहरण उस समय देखने को मिला, जब कलेक्‍टर श्री आशीष तिवारी स्‍लीमनाबाद क्षेत्र के ग्राम निमास स्थित मार्बल खदान का निरीक्षण कर बुधवार को वापस लौटते समय छोटे कछारगांव में स्‍कूल की छुटटी के बाद घर जाते दिखे छात्रों के पास कलेक्‍टर ने अपने वाहन रूकवाया और छात्र-छात्राओं से पढाई लिखाई के बारे में जानकारी प्राप्‍त की। कुछ ही देर में यह मुलाकात स्‍कूलीं छात्रों के लिए यादगार अनुभव बन गई और आसपास मौजूद ग्रामीण भी इस दृश्य को देखकर प्रभावित हुए। निमास और कछार के विद्यार्थियों से की चर्चा संवाद के दौरान ब�

Katni, Madhya Pradesh | Jul 23, 2026

कटनी नगर: तेज़ हवा और बारिश के साथ बदला मौसम का मिजाज #निवार #पहाड़ी #कटनी - Katni Nagar News