केरेडारी रणभूमि बना, आंदोलन या अराजकता केरेडारी इन दिनों विकास या रोजगार नहीं, बल्कि टकराव, तनाव और अराजकता का दूसरा नाम बनता जा रहा है। एनटीपीसी चट्टी बरियातू कोयला खनन परियोजना को लेकर पूर्व मंत्री योगेंद्र साव के आंदोलन ने पूरे इलाके को उबाल पर ला दिया है। कभी कोल माइंस में घुसकर तीर धनुष लहराकर काम रुकवाना, कभी मजदूरों से हाथापाई, तो कभी मुख्य सड़क है।