देवबंदी उलेमा कारी इसहाक गोरा ने सोमवार शाम 5:00 बजे देहरादून के विद्यालयों में श्रीमद् भागवत गीता के श्लोकों को अनिवार्य करने की कड़ी निंदा की है। उन्होंने इसे धार्मिक आजादी पर सीधा हमला बताया और कहा कि कुछ राज्यों में धार्मिक चीजें थोपने की कोशिश दुर्भाग्यपूर्ण है।