Install App
Login
HOME
Delhi
Haryana
Uttar Pradesh
Bihar
Chhattisgarh
Madhya Pradesh
Rajasthan
Jharkhand
Himachal Pradesh
Uttarakhand
Punjab
Andhra Pradesh
Telangana
Tamil Nadu
Karnataka
Maharashtra
Assam
West Bengal
Tripura
Gujarat
Odisha
Kerala
Jansamasya
News
पुलिस
Maharashtra
Bjp
National
Police
Bihar
कांग्रेस
Congress
Modi
Delhi
Viral
Crime
Up
अमित_शाह
Bollywood
Breakingnews
Narendramodi
Madhya_pradesh
Pmmodi
Rahulgandhi
यूपी
Uttarpradesh
Haryana
Cricket
Lucknow
Uttarakhand
Sambalpur
Crimenews
agrigoi
31
What is used in #NaturalFarming instead of chemical fertilizers? #AgriGoI #AgriQuiz #QuizChallenge
260k views |
Delhi, India
| Oct 7, 2025
#naturalfarming
#agrigoi
#agriquiz
#quizchallenge
#facts
#science
#others
MORE NEWS
हापुड़ में ई-रजिस्ट्री रूपी काले कानून के विरोध में तहसील लेखक संघ का धरना 12वें दिन भी जारी, सड़कों पर निकाला विरोध जुलूस #न्यूज़ #reporting #awareness हापुड़ में फ्रंट रूपी काले कानून के विरोध में तहसील लेखक संघ का धरना पिछले 12 दिनों से जारी है। बुधवार को हापुड़ की सड़कों पर विरोध जुलूस निकालकर नारेबाजी की। #protest#advocates #नारेबाजी #HapurNews #upnews
Parliament Street, New Delhi | Jun 25, 2026
मेरठ में 13वीं में नहीं पूछने पर खूनी संघर्ष मेरठ के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में परिवार पर लाठी डंडों और लोहे की रॉड से जानलेवा हमला किशोर सहित तीन घायल #viralvideo मेरठ। सिविल लाइंस के नगलाबट्टू में तेरहवीं का बुलावा नहीं देने पर दो पक्षों में जमकर मारपीट हुई। इस दौरान लाठी डंडे व धारदार हथियार चले। इसमें एक महिला समेत तीन लोग घायल हो गए। पूरी घटना सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गई। एक किशोर की हालत गंभीर है। थाना सिविल लाइंस पर आरोपितों के खिलाफ नामजद तहरीर दी है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। नगला बट्टू निवासी राकेश पुत्र जगदीश ने बताया कि उनके बेटे तुषार का दोस्त चंदन कश्यप बुधवार सुबह एक तेरहवीं का कार्ड देने उनके घर आया। आरोप है कि चंदन ने पड़ोसी तन्नू उर्फ पप्पू को कार्ड नहीं दिया। इससे वह वह नाराज हो गया। आरोप है कि तन्नू, अनिकेत, निहाल और बरखा ने उन्हें धमकी दी कि चंदन उनके यहां नहीं आना चाहिए।
Parliament Street, New Delhi | Jun 25, 2026
"प्रशासन का साथ देने की कीमत चुका रहे हैं, परिवार का आरोप, सुरक्षा की लगाई गुहार, ग्वालियर। महाराजपुरा थाना क्षेत्र के ग्राम कुंअरपुर में क्रिकेट खेलने को लेकर शुरू हुआ विवाद हिंसक रूप ले बैठा। शिकायतकर्ता दिनेश सिंह राजावत का आरोप है कि खेत में बार-बार गेंद जाने और फसल को नुकसान पहुंचाने का विरोध करने पर कुछ लोगों ने पहले गाली-गलौज की, फिर मारपीट की और उनके घर पर पथराव कर दिया, जिससे इलाके में अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बन गया। शिकायतकर्ता का दावा है कि पूर्व में क्षेत्र में हुई गौहत्या प्रकरण में प्रशासन का सहयोग करने के कारण उन्हें और उनके परिवार को लगातार निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने परिवार की सुरक्षा की मांग करते हुए पुलिस से कड़ी कार्रवाई की गुहार लगाई है। मामले की शिकायत महाराजपुरा थाना पुलिस को सौंप दी गई है। फिलहाल पुलिस जांच कर रही है और जांच पूरी होने के बाद ही आरोपों की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी।
Parliament Street, New Delhi | Jun 25, 2026
क्या आप जानते हैं गढ़वाली में निहंगा किसे कहते हैं ? बाकि गढ़वालियों की शौर्य गाथा भी कम नहीं।
Parliament Street, New Delhi | Jun 25, 2026
Karbala History: शब-ए-आशूर की दास्तान‚ मासूमो प्यास और आख़िरी पहरा | 9 Muharram | Imam Hussain 🚨 9 मुहर्रम: शब-ए-आशूर की वो दर्दनाक रात, जब हुसैनी ख़ीमों में चराग़ बुझा दिया गया था... 🖤 मुहर्रम की नौवीं तारीख़ आ चुकी है... कर्बला के तपते हुए सहरा (रेगिस्तान) में ज़ुल्म और सितम की इन्तिहा होने वाली है। यह वो दिन है जिसे इतिहास 'यौम-ए-तासूआ' कहता है। हुसैनी कुनबे (परिवार) पर पानी बंद हुए तीन दिन गुज़र चुके हैं। 6 महीने के अली असग़र से लेकर 4 साल की मासूम जनाब-ए-सकीना तक, प्यास की शिद्दत से बिलख रहे हैं। ⚔️ हज़रत अब्बास की वफ़ा और अमान-नामे को ठोकर: 9 मुहर्रम की दोपहर जब ज़ालिम शिम्र यज़ीद की तरफ़ से 'अमान-नामा' (जान की भीख) लेकर आया और हज़रत अब्बास (अ.स.) से कहा कि हुसैन का साथ छोड़ दो तो तुम्हारी जान बख्श दी जाएगी, तब शेर-ए-ख़ुदा के बेटे का ख़ून खौल उठा! उन्होंने उस कागज़ को ठोकर मार दी और फ़रमाया— "ला'नत हो तुझ पर और तेरी अमान पर! तू हमें अमान देता है और रसूल के नवासे, फ़ातिमा के लाल के लिए कोई अमान नहीं? हम जीते जी अपने भाई और अपने इमाम को तन्हा छोड़ दें? यह कभी नहीं हो सकता!" 🌙 वो आख़िरी रात और चराग़ का बुझाया जाना: जब यज़ीदी फ़ौज हमला करने बढ़ी, तो इमाम हुसैन (अ.स.) ने अपनी जान बचाने के लिए नहीं, बल्कि अपने रब की इबादत, नमाज़ और क़ुरआन की तिलावत के लिए सिर्फ़ एक रात की मोहलत मांगी। यह 9 मुहर्रम की वो आख़िरी रात थी जिसे 'शब-ए-आशूर' कहा जाता है। मौला हुसैन ने ख़ीमे का चराग़ (दीया) बुझाकर अपने साथियों से कहा था—"रात का अंधेरा है, जिसे जाना है वो चला जाए, ये लोग सिर्फ़ मेरी जान के दुश्मन हैं।" लेकिन वफ़ादारों ने रोकर कहा—"मौला! अगर हमें सत्तर बार भी शहीद किया जाए, तब भी हम आपका साथ नहीं छोड़ेंगे।" उस रात ख़ीमों के बाहर हज़रत अब्बास (अ.स.) नंगी तलवार हाथ में लिए पहरा दे रहे थे, यह जानते हुए कि यह पहरेदारी की आख़िरी रात है और अगले दिन (10 मुहर्रम) उन्हें बच्चों के पानी के लिए अपने दोनों बाजू कटवाने हैं। सलाम हो हुसैन पर, सलाम हो अब्बास पर, और सलाम हो कर्बला के उन 72 जांनिसारों पर जिन्होंने भूख और प्यास की हालत में इस्लाम को हमेशा के लिए ज़िंदा कर दिया। 🙏 👇 अपनी अक़ीदत के फूल पेश करें: कमेंट बॉक्स में 'या हुसैन' (Ya Hussain) ज़रूर लिखें और इस रूहानी इतिहास को ज़्यादा से ज़्यादा शेयर करके हुसैनियत का पैग़ाम हर घर तक पहुँचाएं। #9Muharram #ShabeAshura #KarbalaHistory #ImamHussain #HazratAbbas #YaHussain #IslamicHistory #DastakLiveNews #Muharram2026
Parliament Street, New Delhi | Jun 25, 2026