सावन के तीसरे सोमवार को टीकमगढ़ के प्रसिद्ध शिव धाम कुंडेश्वर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारे लगी। भगवान शिव का सवा किलो भांग से और चांदी के आभूषण और चांदी की मुंडमाला पहनकर रजत श्रृंगागार किया गया। श्रृंगार के बाद गाजे बाजे के साथ महा आरती उतारी गई।