पन्ना: कचरे से कंचन: दक्षिण पन्ना वनमंडल ने पेश की मिसाल, 11 हजार किलो प्लास्टिक से वन समितियों की जेब में आए ₹56 हजार!
Panna, Panna | Jun 14, 2026 आज हम आपको पर्यावरण संरक्षण और आत्मनिर्भरता की एक ऐसी अनोखी कहानी दिखाने जा रहे हैं, जिसने मध्य प्रदेश के पन्ना में एक नई क्रांति ला दी है। अमूमन हम देखते हैं कि पौधारोपण के बाद प्लास्टिक की थैलियों को वहीं जंगलों में लावारिस छोड़ दिया जाता है, जो आगे चलकर 'साइलेंट किलर' यानी माइक्रोप्लास्टिक बनकर हमारी मिट्टी और वन्यजीवों को जहर देती हैं।