पश्चिम बंगाल के बर्दवान जिले से जैन तीर्थ स्थल पारसनाथ सममेद शिखरजी की पावन यात्रा पर निकले चार मासूम बच्चों ने बुधवार को भक्ति और साहस की अनोखी मिसाल कायम की। मात्र 10 से 14 वर्ष की उम्र के चार बच्चे डुमरी पहुंचे,जिनका स्वागत यहां AIMIM नेता सह समाजसेवी मंसूर आलम के नेतृत्व में रामेश्वरमहतो,आशीष जायसवाल आदि ने शाम करीब 8 बजे चिरैया मोड़ में किया।