हज़ारीबाग: टटगांवा में इकलौते बेटे की अर्थी उठने पर गांव डूबा सिसकियों में, घरों में नहीं जला चूल्हा, पसरा सन्नाटा
हजारीबाग। टटगांवा में इकलौते बेटे की अर्थी उठी तो पूरा गांव सिसकियों में डूबा, नहीं जला किसी घर का चूल्हा, पूजा की जगह पसरा सन्नाटा, रिम्स में जिंदगी की जंग लड़ रही सुहागिन। हरली में हुए सड़क हादसे ने टटगांवा के एक हंसते-खेलते परिवार को ऐसी चोट दी है जिसे देख हर आंख नम है। घर का इकलौता चिराग अरुण कुमार का शव जैसे ही घर पहुंचा पूरा इलाका चीत्कारों से दहल उठा।