विश्व हिंदू परिषद (विहिप) के जिलाध्यक्ष सहित पदाधिकारियों ने सोमवार को कलेक्ट्रेट पहुंचकर जिलाधिकारी पुलकित गर्ग को संबोधित ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में गोवंश के संवैधानिक एवं सामाजिक संरक्षण के लिए आठ सूत्रीय मांगें उठाते हुए राज्य सरकार से प्रभावी कदम उठाने का आग्रह किया गया।
जिलाध्यक्ष जितेंद्र त्रिवेदी ने कहा कि उत्तर प्रदेश की सांस्कृतिक विरासत, ग्रामीण अर्थव्यवस्था और आध्यात्मिक परंपराओं में गोवंश का विशेष स्थान है। इसके साथ कहा कि गोवंश का संरक्षण केवल धार्मिक आस्था का विषय नहीं, बल्कि कृषि, पर्यावरण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था से भी जुड़ा हुआ है। आरोप लगाया कि देशी गोवंश की संख्या लगातार घट रही है, जबकि गो-तस्करी, अवैध वध, सड़क दुर्घटनाओं तथा पॉलिथीन खाने जैसी समस्याओं से निराश्रित गोवंश का अस्तित्व संकट में है।
ज्ञापन देकर मांग किया है कि प्रदेश सरकार से केंद्र को अनुच्छेद-48 के अनुरूप एकीकृत केंद्रीय गो संरक्षण कानून लागू करने तथा पृथक गोपालन मंत्रालय के गठन की संस्तुति भेजने, साथ ही गो-तस्करी और गोवध को गैर-जमानती अपराध घोषित कर दोषियों के विरुद्ध कठोर दंड एवं संपत्ति कुर्क करने का प्रावधान करने की समेत पंचगव्य आधारित अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने, ग्राम पंचायत स्तर पर नंदीशाला तथा प्रत्येक जिले में आदर्श गो-अभ्यारण्य स्थापित करने, राजमार्गों पर गो-एम्बुलेंस एवं ट्रॉमा सेंटर की व्यवस्था, स्कूलों के पाठ्यक्रम में गो-विज्ञान शामिल करने तथा गोचर भूमि और चारा संरक्षण के लिए सशक्त कानून बनाने कह मांग की है।