पीपलू शहर के कोतवाली झंडा पर मंगलवार को आर्यिका स्वस्ति भूषण माताजी ने धर्म सभा को संबोधित करते हुए कहा कि मनुष्य को अपने जीवन में केवल अपने आत्म कल्याण की चिंता करनी चाहिए। जीवन में सुख-दुख आते जाते रहते हैं।उनकी चिंता करने की बजाय मनुष्य को सदैव समभाव में रहना चाहिए।