राष्ट्रीय महासचिव अरविंद राजभर को जनता के तीखे विरोध का सामना करना पड़ा। मौका था शहीद जगपति राम की प्रतिमा पर पुष्पांजलि का,लेकिन श्रद्धांजलि कार्यक्रम सवाल-जवाब और नाराजगी में तब्दील हो गया।इस दौरान अरबिंद राजभर ने कहा कि मैं वह नेता नहीं हूं जो सैफई-इटावा पैसा भेज दे। विकास देखना है तो घोसी और जहूराबाद जाकर देखिए,वहां मैंने 100 करोड़ रुपये का काम कराया है।