प्रशासनिक अधिकारियों के निष्क्रियता वाला प्रवाही से रोजाना मवेशी और राहगीर दोनों दुर्घटनाओं का शिकार होते जा रहे हैं पशु मालिक भी अपने मवेशियों को काम हो जाने के बाद पालने के बजाय उसे सड़कों में खुले छोड़ देते हैं जिससे मवेशी सड़को मैं बैठ जाते हैं जिससे वे कभी-कभी बड़ी गाड़ियों की चपेट में आ जाते हैं और राहगीर भी मवेशियों से टकराकर घायल हो जाते हैं।