चरखारी मे भगवान इंद्रदेव की भव्य सवारी नगर भ्रमण के बाद मेला मंदिर पहुंची। यहां भगवान गोवर्धननाथ जू के सिंहासन के पास पूजा-अर्चना के बाद पर्वत उतारा गया।यह आयोजन कार्तिक मास में मनाए जाने वाले पारंपरिक गोवर्धन मेला उत्सव का प्रमुख आकर्षण रहा। मेला स्थल पर भगवान कृष्ण की बाल लीलाओं पर आधारित झांकियों और मंदिरों की भव्य सजावट ने श्रद्धालुओं को मंत्रमुग्ध किया।