इटकी में आस्था और परंपरा का संगम! ओरमांझी से पालकोट स्थित 'सिरसी-ता-नाले' (सृष्टि स्थल) जा रहे 22 पड़हा सरना प्रार्थना सभा के 200 श्रद्धालुओं का इटकी पहुंचने पर भव्य स्वागत। ग्रामीणों ने ढोल-नगाड़ों के साथ अगवानी की और पारंपरिक रूप से पांव धोकर सत्कार किया। NH-43 पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम रहे। पदयात्री चचगुरा से शनिवार सुबह गुमला के लिए प्रस्थान करेंगे।