अगर 21वीं सदी में लोकतंत्र का गला घोंटने की तकनीक बदल गई है,
तो उसे बचाने की जिम्मेदारी भी हमें नए साहस और नई समझ के साथ उठानी होगी। - Ujjain Urban News
अगर 21वीं सदी में लोकतंत्र का गला घोंटने की तकनीक बदल गई है,
तो उसे बचाने की जिम्मेदारी भी हमें नए साहस और नई समझ के साथ उठानी होगी।