अयोध्या श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र द्वारा आयोजित द्वितीय प्रतिष्ठा द्वादशी के अवसर पर मंगलवार शाम 5:00 बजेअंगद टीला मैदान में श्रीराम कथा के दूसरे दिन व्यास पीठ से जगद्गुरु रामानुजाचार्य संत रामदिनेशाचार्य ने कहा कि भगवान राम की प्रतिष्ठा केवल निर्मल और बालक समान मन में ही संभव है।