अथमलगोला प्रखंड के करजान दुर्गा स्थान परिसर में आयोजित नौ दिवसीय श्रीराम कथा समारोह के पांचवें दिन शनिवार की शाम 7 बजे मानस मर्मज्ञ श्री ध्रुव जी महाराज ने भगवान के अवतार के कारण, नारद मोह, तीर्थ महिमा एवं भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने शंकर–पार्वती संवाद का उल्लेख करते हुए बताया कि भगवान विष्णु के द्वारपाल जय और विजय को सनकादिक