गणाचार्य विराग सागरजी महाराज के सुयोग्य शिष्य दिगंबर जैन उपाध्याय मुनि श्री विकसंत सागरजी महाराज ससंघ और सुशिष्या आर्यिका विविक्त श्री माताजी ससंघ का गुरुवार प्रातःमऊअतिशय क्षेत्र से लसाड़िया चौराहा होते हुए नगर प्रवेश हुआ। इस अवसर पर समाजजन ने सेठ करणमल एवं सेठ दिनेश जैकणावत के नेतृत्व में बैंडबाजों के जुलूस के साथ जगह-जगह पाद प्रक्षालन और भक्ति नृत्य किया।