बिंद प्रखंड क्षेत्र के ताजनीपुर गांव के पास गोइठवा नदी में बने छिलका के कारण सैकड़ों एकड़ में फैली धान की फसल जलजमाव की चपेट में आ गई है। मौजा जक्की, मकनपुर, बकरा, सुरतपुर, कथराही समेत कई गांवों के खेतों में पानी भरे रहने से फसल कटनी के पहले ही नष्ट होने के कगार पर है। किसानों का कहना है कि छिलका की ऊंचाई अधिक होने से पानी का निकास संभव नहीं हो पा रहा है।