खेलने और पढ़ने की उम्र में देश और धर्म के लिए प्राणों का बलिदान देने वाले बालक हमारे लिए प्रेरणा का स्त्रोत होते हैं। देश का युवा यदि सही राह पर चलेगा तो निश्चित ही वह देश प्रगति की ओर अग्रसर होगा। युवाओं को सही राह बताने की जिम्मेदारी हम सब की हैं। यह बात राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के बाल पथ संचलन के दौरान राजवाड़ा चौक में बाल स्वयंसेवकों के समक्ष मुख।