अखिल भारतीय कायस्थ महासभा ट्रस्ट द्वारा कुंवर एंक्लेव कांठ रोड स्थित अपने राष्ट्रीय कार्यालय में 77बाँ गणतंत्र दिवस झंडा फहराकर तथा भारत माता की तस्वीर पर फूल माला चढ़कर लड्डू बाटकर बनाया गया। इस अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप सक्सेना एडवोकेट ने कहा कि देश की आजादी में कायस्थ समाज का एक प्रमुख स्थान रहा है सबसे कम उम्र में फैंसी पर चढ़ जाने वाले महान क्रांतिकारी खुदीराम बोस इसका उदाहरण है आज का भारत बदल गया है अब बो बोलता है कि छेड़ोगे तो छोड़ेंगे नहीं इसका जीता जागता उदाहरण पाकिस्तान है जिसने हिकामत की हमारे देश में आतंकबादी हमला करा कर हमारे देश की सेना ने घर में घुसकर सर्जिकल स्ट्राइक कर के आतंकबादियों का बो हाल किया जिसको दुनिया ने देखा ।देश की सेवा करने के लिए नेताजी सुभाष चंद्र बोस ने सिविल परीक्षा को छोड़कर आजाद हिंद फौज बनाकर भारत की स्वतंत्रता में अपना विशेष योगदान दिया संविधान सभा के जनक पहले राष्ट्रपति डॉ राजेंद्र प्रसाद जी रहे संविधान सभा के प्रथम अध्यक्ष डॉ सच्चिदानंद सिन्हा तथा संविधान की हिंदी हस्त लिपि तैयार करने में प्रेम बिहारी नारायण रायजादा संविधान की सजावट में अपना योगदान दिया हम माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी से आग्रह करते हैं कि नेता जी सुभाष चंद्र बोस जी का देश की आजादी में विशेष योगदान को देखते हुए उन्हें भारत रत्न से नावाजा जाये। 26 जनवरी को हमे संविधान मिला इसलिए हम सब कानून के दायरे रहकर कार्य करते हैं हमारा संविधान सबको आजादी देता है इसलिए 26 जनवरी को त्यौहार के रूप में बनाना चाहिए आज का दिन हमारे लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रदीप सक्सेना एडवोकेट