पन्ना के झिन्ना गांव में आज एक रोंगटे खड़े कर देने वाला हादसा हुआ। सरसों की गहाई के दौरान थ्रेशर मशीन ने 40 वर्षीय मजदूर बलराम आदिवासी का हाथ काट दिया। पाँच बच्चों का पेट पालने वाला बलराम अब जिला अस्पताल में जिंदगी की जंग लड़ रहा है। क्या मशीनीकरण के दौर में मजदूरों की सुरक्षा महज एक मजाक है?