नववर्ष के उपलक्ष्य में गड़हनी में निरंकारी मिशन सत्संग का भव्य आयोजन किया गया। सत्संग गुरुवार दोपहर 1 बजे शुरू हुआ और शाम 5 बजे जाकर खत्म हुआ। सत्संग में बताया गया कि सत्संग में आने से ही जीवन सफल होता है। यदि लगातार सत्संग में आते रहे तो आत्मा को आजादी मिलती है और अच्छा ज्ञान की प्राप्ति होगी है। सत्संग का मतलब ही होता है संतो का संग।