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जिले की दनुआ घाटी में गुरुवार को अहले सुबह एक भीषण सड़क हादसा हो गया. बता दें, एक अनियंत्रित ट्रेलर सड़क से नीचे गहरी खाई में जा गिरा. जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई. हादसे के बाद ट्रेलर चालक वाहन के अंदर ही फंस गया, जिसे निकालने के लिए राहत एवं बचाव कार्य युद्धस्तर पर जारी है.

पुलिस और बचाव दल मौके पर पहुंचे
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार ट्रेलर अचानक नियंत्रण खो बैठा और सड़क किनारे सुरक्षा अवरोधक को पार करते हुए खाई में जा गिरा. दुर्घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस और बचाव दल मौके पर पहुंच गए. बचावकर्मी ट्रेलर में फंसे चालक को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं. घटनास्थल पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग जुट गए हैं. दुर्घटना के कारणों का अभी तक स्पष्ट खुलासा नहीं हो सका है, हालांकि प्रारंभिक तौर पर वाहन के अनियंत्रित होने की आशंका जताई जा रही है.
अधीक्षक उत्पाद, पश्चिमी सिंहभूम, चाईबासा के निर्देशानुसार जिले में अवैध शराब के विनिर्माण एवं बिक्री के विरुद्ध लगातार छापेमारी अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में आज झींकपानी तथा मुफ्फसिल थाना क्षेत्र में की गई कार्रवाई के दौरान कुल 05 अभियोग दर्ज किए गए।

झींकपानी थाना क्षेत्र के ग्राम गुड़ा में नदी किनारे संचालित अवैध चुलाई शराब निर्माण स्थलों पर छापेमारी कर कुल 04 भट्ठियों को पूर्णतः ध्वस्त किया गया। कार्रवाई के दौरान 30 लीटर अवैध चुलाई शराब बरामद की गई तथा शराब निर्माण के लिए तैयार लगभग 1800 किलोग्राम जावा महुआ को घटनास्थल पर ही विनष्ट कर दिया गया। मामले में चारों भट्ठी संचालकों के विरुद्ध झारखंड उत्पाद अधिनियम की सुसंगत धाराओं के तहत अलग-अलग अभियोग दर्ज किए गए हैं।

वहीं, मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के नरसंडा ग्राम में अवैध चुलाई शराब की बिक्री संबंधी प्राप्त गुप्त सूचना के आधार पर की गई छापेमारी में 20 लीटर अवैध चुलाई शराब बरामद की गई। अवैध शराब की बिक्री में संलिप्त व्यक्ति के विरुद्ध झारखंड उत्पाद अधिनियम की सुसंगत धाराओं के तहत एक अभियोग दर्ज किया गया है।

इस प्रकार दोनों थाना क्षेत्रों में की गई कार्रवाई के दौरान कुल 50 लीटर अवैध चुलाई शराब बरामद की गई तथा 1800 किलोग्राम जावा महुआ विनष्ट किया गया। जिले में अवैध शराब के निर्माण, भंडारण एवं बिक्री के विरुद्ध उत्पाद विभाग की कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी। IPRD Jharkhand DC West Singhbhum
चाईबासा: जिले में 5 केंद्रों पर रक्तदान शिविर का आयोजन, 285 यूनिट रक्त संग्रह 
-91 टीबी मरीजों के बीच फूड बास्केट का वितरण 
-सदर अस्पताल के मरीजों को मरजज ड्रेस की व्यवस्था का शुभारंभ 

चाईबासा: "प्रोजेक्ट जागृति: बेहतर स्वास्थ्य की ओर एक कदम" के तहत जिले के पांच स्वास्थ्य केंद्रों में आज रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इसमें कुल 285 यूनिट रक्त संग्रह किया गया। सदर अस्पताल चाईबासा में आयोजित रक्तदान शिविर में रक्तवीरों को किया सम्मानित किया गया। इसके साथ ही निक्षय मित्र अभियान के अंतर्गत टीबी मरीजों के बीच पोषण सामग्री का वितरण, महिला वार्ड में मरीज यूनिफॉर्म व्यवस्था का शुभारंभ और नवजात बच्चों का जन्म प्रमाणपत्र का वितरण किया गया। सदर अस्पताल परिसर में आयोजित रक्तदान में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश मौहम्मद शाकिर, उपायुक्त मनीष कुमार तथा पुलिस अधीक्षक अमित रेनू ने संयुक्त रूप से उपस्थित होकर रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया तथा रक्तदान के महत्व पर प्रकाश डाला। पदाधिकारियों ने रक्तदाताओं को समाज के वास्तविक नायक बताते हुए कहा कि उनका यह योगदान अनेक लोगों के जीवन को बचाने में सहायक बनेगा। रक्तदान करने वाले सभी "रक्तवीरों" को उनके मानवीय योगदान के लिए प्रशस्ति पत्र, टी-शर्ट एवं कॉफी मग प्रदान कर सम्मानित किया गया। प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने कहा कि रक्तदान केवल एक चिकित्सीय आवश्यकता की पूर्ति नहीं, बल्कि मानवीय संवेदनाओं की सर्वोच्च अभिव्यक्ति है। उन्होंने कहा कि एक व्यक्ति द्वारा किया गया रक्तदान कई परिवारों के जीवन में आशा और खुशियाँ ला सकता है। उन्होंने उपस्थित लोगों से अपील किया कि रक्तदान को सामाजिक आंदोलन के रूप में आगे बढ़ाया जाए ताकि किसी भी मरीज को रक्त के अभाव में कठिनाई का सामना न करना पड़े। उपायुक्त मनीष कुमार ने कहा कि जिला प्रशासन द्वारा संचालित प्रोजेक्ट जागृति का उद्देश्य समाज में सकारात्मक परिवर्तन लाना, स्वास्थ्य संबंधी जागरूकता बढ़ाना तथा जनसहभागिता को सशक्त करना है। पुलिस अधीक्षक अमित रेनू ने कहा कि रक्तदान समाज के प्रति हमारी संवेदनशीलता, कर्तव्यबोध और सामाजिक उत्तरदायित्व का परिचायक है। युवा वर्ग में रक्तदान के प्रति बढ़ती जागरूकता एक सकारात्मक संकेत है। 
इस अवसर पर निक्षय मित्र अभियान के अंतर्गत गोद लिए गए 91 टीबी मरीजों के बीच द्वितीय माह का पोषाहार पैकेट वितरित किया गया। अधिकारियों ने टीबी उन्मूलन को राष्ट्रीय प्राथमिकता बताते हुए कहा कि उपचार के साथ-साथ पौष्टिक आहार भी मरीजों के स्वास्थ्य लाभ में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। निक्षय मित्रों द्वारा प्रदान की जा रही सहायता न केवल मरीजों के पोषण स्तर में सुधार ला रही है, बल्कि उनके मनोबल को भी बढ़ाने का कार्य कर रही है। जिला शिक्षा पदाधिकारी टोनी प्रेमराज टोप्पो द्वारा 5 नए टीबी मरीजों को गोद लेते हुए उनके बीच पोषण सामग्री का वितरण किया गया। 
कार्यक्रम के उपरांत प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक एवं अन्य अधिकारियों द्वारा सदर अस्पताल स्थित महिला वार्ड का निरीक्षण किया गया। अस्पताल प्रशासन द्वारा एक महत्वपूर्ण नवाचार के रूप में भर्ती मरीजों को मरीज यूनिफॉर्म उपलब्ध कराने की व्यवस्था का शुभारंभ किया गया। इस पहल का उद्देश्य अस्पताल में भर्ती मरीजों की पहचान को सुव्यवस्थित करना, संक्रमण नियंत्रण को बेहतर बनाना, स्वच्छता मानकों को सुदृढ़ करना तथा मरीजों को गरिमापूर्ण एवं समान स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। इसके साथ ही 3 नवजात शिशुओं का जन्म प्रमाण पत्र जारी करते हुए परिवारजन को उपलब्ध कराया गया।
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मंडल कारा-चाईबासा का बोर्ड ऑफ विजिटर द्वारा निरीक्षण, बंदियों की सुविधाओं एवं सुरक्षा व्यवस्था की हुई विस्तृत समीक्षा
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पश्चिमी सिंहभूम जिले के मंडल कारा, चाईबासा का बुधवार को बोर्ड ऑफ विजिटर द्वारा निरीक्षण किया गया। निरीक्षण का नेतृत्व प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार श्री मौहम्मद शाकिर ने किया। इस अवसर पर उपायुक्त श्री मनीष कुमार, पुलिस अधीक्षक श्री अमित रेनू सहित जिला प्रशासन एवं पुलिस विभाग के वरिष्ठ पदाधिकारियों ने कारा परिसर का विस्तृत निरीक्षण कर वहां संचालित व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण दल में जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव श्री रवि चौधरी, सदर अनुमंडल पदाधिकारी श्री संजय कुमार, पोड़ाहाट-चक्रधरपुर अनुमंडल पदाधिकारी सुश्री श्रुति राजलक्ष्मी, प्रशिक्षु आईएएस सुश्री ईरा जोरवाल, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी श्री बहामन टूटी सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी शामिल रहे।

निरीक्षण के दौरान पदाधिकारियों ने कारा परिसर में बंदियों के लिए उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का गहन अवलोकन किया। टीम ने जेल के विभिन्न वार्डों, आवासीय कक्षों, रसोईघर, चिकित्सा इकाई, स्वच्छता व्यवस्था तथा सुरक्षा प्रबंधन का निरीक्षण किया। इस दौरान बंदियों से सीधे संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं, आवश्यकताओं एवं उपलब्ध सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई। पदाधिकारियों ने बंदियों की बातों को गंभीरता से सुनते हुए आवश्यक बिंदुओं पर कारा प्रशासन को उचित कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के क्रम में बंदियों के खान-पान की गुणवत्ता, पेयजल उपलब्धता, स्वास्थ्य सेवाओं, साफ-सफाई, आवासीय सुविधाओं तथा सुरक्षा व्यवस्था की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई। पदाधिकारियों ने कारा प्रशासन को निर्देशित किया कि बंदियों के लिए उपलब्ध कराई जाने वाली सभी सुविधाएं निर्धारित मानकों एवं मानवाधिकार संबंधी प्रावधानों के अनुरूप सुनिश्चित की जाएं तथा सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ एवं प्रभावी बनाया जाए।

प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश श्री मौहम्मद शाकिर ने कहा कि कारा में निरुद्ध बंदियों के अधिकारों की रक्षा एवं उन्हें आवश्यक बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी है। उन्होंने कारा प्रशासन को बंदियों के स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं कल्याण से जुड़े सभी पहलुओं पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया।

उपायुक्त श्री मनीष कुमार ने कहा कि मंडल कारा में बेहतर प्रशासनिक व्यवस्था, स्वच्छ वातावरण एवं आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को समय-समय पर निरीक्षण एवं समीक्षा के माध्यम से व्यवस्थाओं की गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए।

पुलिस अधीक्षक श्री अमित रेनू ने कारा की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा करते हुए सुरक्षा मानकों के प्रभावी अनुपालन तथा संवेदनशील बिंदुओं पर सतत निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए।

उक्त निरीक्षण का मुख्य उद्देश्य मंडल कारा में संचालित व्यवस्थाओं की वास्तविक स्थिति का आकलन करना, बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की गुणवत्ता की समीक्षा करना तथा उनके अधिकारों एवं कल्याण से संबंधित प्रावधानों के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना रहा।
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पश्चिमी सिंहभूम में विद्युत ऊर्जा मेला का आयोजन, ऊर्जा संरक्षण एवं गुणवत्तापूर्ण विद्युत सेवा को लेकर किया गया जागरूक
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पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन एवं झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड के संयुक्त तत्वावधान में आज डीवीसी कॉलोनी, खप्परसाई, चाईबासा में भव्य विद्युत ऊर्जा मेला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मंझगांव के माननीय विधायक श्री नीरल पूर्ती, जगन्नाथपुर के माननीय विधायक श्री सोनाराम सिंकु, मनोहरपुर के माननीय विधायक श्री जगत माझी, जिला परिषद अध्यक्ष सुश्री लक्ष्मी सुरेन, उपायुक्त श्री मनीष कुमार, उप विकास आयुक्त श्री उत्कर्ष कुमार, चाईबासा नगर परिषद अध्यक्ष श्री नितिन प्रकाश सहित विद्युत विभाग के वरिष्ठ पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में विद्युत उपभोक्ता उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के दौरान सर्वप्रथम सभी माननीय अतिथियों का स्थानीय परंपरा के अनुरूप पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र, पौधा एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर स्वागत किया गया। इसके उपरांत अतिथियों ने दीप प्रज्ज्वलित कर एवं वृक्षारोपण कर ऊर्जा मेला का विधिवत शुभारंभ किया।

ऊर्जा मेला में विद्युत आपूर्ति, नए कनेक्शन, बिलिंग, मीटरिंग, विद्युत सुरक्षा, शिकायत निवारण एवं उपभोक्ता सेवाओं से संबंधित विभिन्न स्टॉल लगाए गए, जिसका उपस्थित अतिथियों द्वारा निरीक्षण कर विभागीय पदाधिकारियों से योजनाओं एवं सेवाओं की जानकारी प्राप्त की गई तथा उपभोक्ताओं से संवाद स्थापित कर उनकी समस्याओं एवं सुझावों को सुना गया।

इस अवसर पर विद्युत विभाग के उत्कृष्ट कार्य निष्पादन करने वाले कर्मियों एवं लाइनमैनों को सेफ्टी किट एवं टी-शर्ट प्रदान कर सम्मानित किया गया। वहीं मीटर रीडर एवं ऊर्जा मित्रों को टी-शर्ट एवं प्रशस्ति पत्र देकर उनके योगदान की सराहना की गई। विभाग के प्रति सकारात्मक सहयोग एवं समय पर विद्युत बिल भुगतान करने वाले जागरूक उपभोक्ताओं को भी प्रशस्ति पत्र प्रदान कर प्रोत्साहित किया गया।

माननीय विधायक मंझगांव श्री नीरल पूर्ती ने अपने संबोधन में कहा कि विद्युत आज विकास की आधारभूत आवश्यकता बन चुकी है। ग्रामीण एवं दूरस्थ क्षेत्रों तक गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने की दिशा में राज्य सरकार एवं विद्युत विभाग निरंतर कार्य कर रहे हैं। उन्होंने आमजनों से विद्युत सुरक्षा नियमों का पालन करने, बिजली चोरी रोकने तथा ऊर्जा संरक्षण को जन आंदोलन का स्वरूप देने का आह्वान किया।

माननीय विधायक जगन्नाथपुर श्री सोनाराम सिंकु ने कहा कि विद्युत ऊर्जा मेला उपभोक्ताओं और विभाग के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। ऐसे आयोजनों से लोगों को विभागीय योजनाओं, सुविधाओं एवं शिकायत निवारण प्रक्रियाओं की जानकारी मिलती है, जिससे सेवा वितरण व्यवस्था और अधिक प्रभावी बनती है।

माननीय विधायक मनोहरपुर श्री जगत माझी ने कहा कि ऊर्जा संरक्षण केवल सरकारी दायित्व नहीं बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से अनावश्यक बिजली की खपत कम करने, ऊर्जा दक्ष उपकरणों का उपयोग करने तथा सुरक्षित विद्युत उपयोग के प्रति जागरूक रहने की अपील की।

उपायुक्त श्री मनीष कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि विद्युत सेवा आमजन के जीवन, शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि एवं आर्थिक गतिविधियों से सीधे जुड़ी हुई है। जिला प्रशासन एवं विद्युत विभाग का प्रयास है कि प्रत्येक उपभोक्ता को समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण सेवाएं उपलब्ध हों। उन्होंने कहा कि ऊर्जा संरक्षण आज की आवश्यकता है और छोटी-छोटी सावधानियां अपनाकर हम ऊर्जा बचत के साथ-साथ पर्यावरण संरक्षण में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं। उन्होंने नागरिकों से समय पर विद्युत बिल भुगतान करने, बिजली चोरी की सूचना देने तथा सुरक्षित विद्युत उपयोग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा बनाने का आग्रह किया।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कर्मचारियों एवं उपभोक्ताओं द्वारा ऊर्जा संरक्षण एवं सुरक्षित विद्युत उपयोग की सामूहिक शपथ भी ली गई।

समारोह के अंत में अतिथियों द्वारा नवनिर्मित सहायक विद्युत अभियंता कार्यालय का फीता काटकर विधिवत उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने आशा व्यक्त की कि नए कार्यालय के संचालन से क्षेत्र के उपभोक्ताओं को विद्युत संबंधी सेवाएं और अधिक सुगमता एवं त्वरित रूप से प्राप्त होंगी।
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भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार संचालित विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के अंतर्गत 56-चक्रधरपुर (अ.ज.जा.) विधानसभा क्षेत्र के बंदगाव प्रखंड क्षेत्र अंतर्गत मतदान केंद्र संख्या 1 से 24 तक बीएलओ एवं बीएलओ पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण कार्यक्रम दिनांक 23 जून 2026 को सफलतापूर्वक आयोजित किया गया। प्रशिक्षण में गणना प्रपत्रों के वितरण, EF Distribution Tracker, गणना प्रपत्र भरने, गणना प्रपत्र की ऑनलाइन प्रविष्टि तथा अप्राप्त (Uncollectable) श्रेणियों से संबंधित प्रक्रियाओं की विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी-सह-अनुमंडल पदाधिकारी, पोड़ाहाट, चक्रधरपुर द्वारा विशेष गहन पुनरीक्षण-2026 के सफल, पारदर्शी एवं समयबद्ध क्रियान्वयन हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए गए। साथ ही सभी सम्बंधित बीएलओ एवं बीएलओ पर्यवेक्षकों को अपने दायित्वों का प्रभावी निर्वहन सुनिश्चित करने के लिए विस्तृत मार्गदर्शन दिया गया।
कार्यक्रम में प्रखंड विकास पदाधिकारी,  बंदगांव सहित सभी बीएलओ एवं बीएलओ पर्यवेक्षकों ने सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की।
जिले में अवैध खनन एवं खनिज परिवहन के विरुद्ध लगातार अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में गोईलकेरा थाना क्षेत्र अंतर्गत महादेवशाल पेट्रोल पंप के समीप जंगल-झाड़ियों में छिपाकर रखे गए अवैध बालू लदे तीन ट्रैक्टर-ट्रॉली (डाला) को पकड़ा गया।

जांच के दौरान प्रत्येक ट्रैक्टर-ट्रॉली में लगभग 100 घनफीट बालू लदा पाया गया। इस प्रकार जब्त बालू की कुल मात्रा लगभग 300 घनफीट आंकी गई है। पकड़े गए सभी बालू लदे ट्रैक्टर-ट्रॉली को जब्त कर सुरक्षित रखा गया है, तथा मामले में अग्रेतर विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।

जिला खनन पदाधिकारी मेघलाल टुडू ने बताया कि जिले में अवैध खनन, खनिज भंडारण एवं अवैध खनिज परिवहन के विरुद्ध आगे भी नियमित रूप से सघन जांच एवं कार्रवाई जारी रहेगी।
अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक दिवस–2026 के अवसर पर पश्चिमी सिंहभूम में खिलाड़ी सम्मान समारोह आयोजित
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राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 42 खिलाड़ियों सहित खेल संघों के पदाधिकारियों एवं प्रशिक्षकों को किया गया सम्मानित
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झारखंड सरकार के पर्यटन, कला-संस्कृति, खेलकूद एवं युवा कार्य विभाग के मार्गदर्शन में आज अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक दिवस–2026 के अवसर पर पश्चिमी सिंहभूम जिला प्रशासन एवं जिला खेल कार्यालय के संयुक्त तत्वावधान में जिला समाहरणालय सभागार, चाईबासा में भव्य खिलाड़ी सम्मान समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जिले के प्रतिभावान खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों एवं खेल संघों के पदाधिकारियों के योगदान को सम्मानित करना तथा युवाओं को खेलों के प्रति प्रेरित करना रहा। समारोह में जिले के विभिन्न खेल विधाओं के उन खिलाड़ियों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर पश्चिमी सिंहभूम तथा झारखंड राज्य का गौरव बढ़ाया है। सम्मानित खिलाड़ियों में बॉक्सिंग के 02, फुटबॉल के 01, साइकिलिंग के 01, ताइक्वांडो के 22, योगा के 01 तथा तीरंदाजी के 15 खिलाड़ी शामिल रहे। इस प्रकार कुल 42 खिलाड़ियों को उनकी उल्लेखनीय उपलब्धियों के लिए सम्मानित किया गया। इसके अतिरिक्त पश्चिमी सिंहभूम जिला ओलंपिक संघ द्वारा मान्यता प्राप्त विभिन्न खेल संघों के अध्यक्ष, सचिव एवं प्रशिक्षकों को भी उनके योगदान के लिए सम्मानित किया गया।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से मझगांव विधानसभा क्षेत्र के माननीय विधायक श्री नीरल पूर्ति, जगन्नाथपुर विधानसभा क्षेत्र के माननीय विधायक श्री सोनाराम सिंकु, मनोहरपुर विधानसभा क्षेत्र के माननीय विधायक श्री जगत माझी, उपायुक्त श्री मनीष कुमार, उप विकास आयुक्त श्री उत्कर्ष कुमार, नगर परिषद चाईबासा सह जिला ओलंपिक संघ के अध्यक्ष श्री नितिन प्रकाश, जिला खेल पदाधिकारी श्री मरकस हेम्ब्रम तथा जिला ओलंपिक संघ के महासचिव श्री अजय कुमार नायक उपस्थित रहे।

इस अवसर पर अतिथियों ने खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों एवं खेल संघों के पदाधिकारियों को मोमेंटो, स्मृति चिह्न, टी-शर्ट एवं शॉल प्रदान कर सम्मानित किया। समारोह के दौरान खिलाड़ियों की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए अतिथियों ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की तथा निरंतर बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया।

अपने संबोधन में माननीय जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों ने कहा कि खेल केवल प्रतियोगिता का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, नेतृत्व क्षमता, टीम भावना और स्वस्थ जीवन शैली का आधार है। उन्होंने कहा कि पश्चिमी सिंहभूम जिले के खिलाड़ी राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मंचों पर लगातार अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर जिले की पहचान को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा रहे हैं। आने वाले समय में जिले के अधिकाधिक खिलाड़ियों को बेहतर प्रशिक्षण, खेल संसाधन एवं अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में निरंतर प्रयास किए जाएंगे।

उपायुक्त श्री मनीष कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक दिवस हमें खेलों की मूल भावना उत्कृष्टता, मित्रता और सम्मान को आत्मसात करने की प्रेरणा देता है। उन्होंने सम्मानित खिलाड़ियों से अपेक्षा व्यक्त की कि वे अपनी उपलब्धियों से जिले के अन्य युवाओं को भी खेलों के प्रति प्रेरित करेंगे तथा खेल संस्कृति को और अधिक मजबूत बनाने में योगदान देंगे।

कार्यक्रम के दौरान जिला ओलंपिक संघ एवं विभिन्न खेल संघों की भूमिका की भी सराहना की गई, जिनके सतत प्रयासों से जिले में खेल गतिविधियों का विस्तार हो रहा है तथा नई प्रतिभाओं को आगे बढ़ने का अवसर मिल रहा है। समारोह के सफल आयोजन में जिला खेल कार्यालय के सभी कर्मियों, विभिन्न खेलों के प्रशिक्षकों, खेल संघों के अध्यक्षों एवं सचिवों, जिला ओलंपिक संघ के पदाधिकारियों तथा तकनीकी अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम का समापन खिलाड़ियों के उत्साहवर्धन एवं खेलों के माध्यम से जिले को नई पहचान दिलाने और जिले को नशामुक्त जिला बनाने के संकल्प के साथ हुआ।
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चक्रधरपुर : आगामी मुहर्रम पर्व के शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण आयोजन को लेकर सोमवार को अनुमंडल पदाधिकारी पोड़ाहाट, सहायक पुलिस अधीक्षक-सह-अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी चक्रधरपुर तथा प्रशिक्षु आईएएस ने विभिन्न मुहर्रम जुलूस मार्गों का संयुक्त निरीक्षण किया।

निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था, साफ-सफाई, प्रकाश व्यवस्था, यातायात प्रबंधन एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं का जायजा लिया। जुलूस मार्गों पर मौजूद गड्ढों की मरम्मत एवं आवश्यक कार्यों को शीघ्र पूरा करने के निर्देश संबंधित विभागों को दिए गए।

प्रशासन ने मुहर्रम कमेटियों को पर्याप्त संख्या में स्वयंसेवकों की तैनाती करने तथा प्रत्येक जुलूस की वीडियोग्राफी सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। 

अधिकारियों द्वारा उच्च न्यायालय एवं राज्य सरकार के निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करने पर बल देते हुए कहा गया कि ध्वनि विस्तारक यंत्रों एवं डीजे का उपयोग निर्धारित मानकों के अनुरूप ही किया जाए तथा ध्वनि स्तर निर्धारित सीमा से अधिक नहीं होना चाहिए।

प्रशासन द्वारा सभी अखाड़ा समितियों एवं आम नागरिकों से आपसी भाईचारे, शांति एवं सौहार्द बनाए रखते हुए मुहर्रम पर्व मनाने की अपील की गई।

इस अवसर पर विद्युत विभाग के पदाधिकारी, नगर परिषद चक्रधरपुर के कर्मी, मुहर्रम कमेटी के सदस्य तथा अन्य संबंधित विभागों के पदाधिकारी उपस्थित थे।
जिला परिवहन पदाधिकारी श्री गौतम कुमार के निर्देशानुसार मोटरयान निरीक्षक श्री कृष्णा सोरेन के नेतृत्व में तंबो चौक के समीप पैसेंजर बसों एवं छोटे सवारी वाहनों के विरुद्ध सघन वाहन जांच अभियान चलाया गया।

जांच अभियान के दौरान बसों, ऑटो एवं मैजिक वाहनों की विशेष रूप से जांच की गई। अभियान का मुख्य उद्देश्य ओवरलोडिंग तथा क्षमता से अधिक यात्रियों को बैठाकर परिचालन करने वाले वाहनों पर निगरानी रखना हैं। साथ ही उन वाहनों को भी चिह्नित किया गया, जो बच्चों एवं विद्यार्थियों को खतरनाक तरीके से बैठाकर परिवहन कर रहे थे। विभाग को लगातार ऐसी शिकायतें प्राप्त हो रही थीं कि कुछ ऑटो एवं मैजिक वाहनों में पैर रखने तक की जगह नहीं रहती है तथा कई मामलों में यात्रियों को वाहन की छत पर बैठाकर भी परिवहन किया जाता है।

मोटरयान निरीक्षक श्री कृष्णा सोरेन ने बताया कि जिला परिवहन पदाधिकारी श्री गौतम कुमार के सख्त निर्देश के आलोक में नियमों की अनदेखी कर परिचालन करने वाले सवारी वाहनों के विरुद्ध लगातार जांच अभियान चलाया जा रहा है तथा नियमानुसार जुर्माना भी लगाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि क्षमता से अधिक सवारी बैठाकर आम लोगों की सुरक्षा के साथ खिलवाड़ करने वाले वाहन मालिकों के विरुद्ध आगे भी कठोर कार्रवाई जारी रहेगी।

मोटरयान निरीक्षक ने बताया कि पैसेंजर वाहनों में ओवरलोडिंग सड़क दुर्घटनाओं का एक प्रमुख कारण है। अधिक भार के कारण—

* ब्रेक लगाने में अधिक समय लगता है तथा वाहन समय पर नियंत्रित नहीं हो पाता।

* तेज गति या मोड़ पर वाहन के पलटने की आशंका बढ़ जाती है।

* अत्यधिक दबाव के कारण टायर फटने का खतरा बना रहता है।

* इंजन, सस्पेंशन एवं अन्य यांत्रिक भागों पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है, जिससे वाहन बीच रास्ते में खराब हो सकता है।

* ओवरलोडिंग करने पर नियमानुसार भारी जुर्माना एवं ड्राइविंग लाइसेंस निरस्तीकरण जैसी कार्रवाई भी की जा सकती है।

वाहन चालकों के लिए आवश्यक सावधानियां:-

* वाहन की निबंधन प्रमाण-पत्र (आरसी) में अंकित क्षमता के अनुरूप ही यात्रियों को बैठाएं।

* यात्री वाहनों की छत पर सामान या यात्रियों को न बैठाएं।

* यात्रा प्रारंभ करने से पूर्व टायरों एवं सस्पेंशन की स्थिति की जांच अवश्य करें।

* निर्धारित गति सीमा का पालन करते हुए सुरक्षित ढंग से वाहन चलाएं।

यात्रियों के लिए आवश्यक सावधानियां:-

* क्षमता से अधिक सवारी वाले वाहनों में यात्रा करने से बचें।

* वाहन चालक द्वारा ओवरलोडिंग अथवा तेज गति से वाहन चलाने पर उसका विरोध करें।

* ऐसे वाहनों की सूचना निकटवर्ती ट्रैफिक पुलिस अथवा परिवहन विभाग को दें।

जांच अभियान के दौरान क्षमता से अधिक यात्रियों को वाहन की छत पर बैठाकर परिचालन करते पाए गए कुल छह वाहनों के विरुद्ध मोटरयान अधिनियम के प्रावधानों के तहत नियमानुसार जुर्माना लगाया गया। IPRD Jharkhand DC West Singhbhum
"प्रोजेक्ट जागृति:- बेहतर स्वास्थ्य की ओर एक कदम" अंतर्गत आगामी 24 जून 2026 को चाईबासा सदर, चक्रधरपुर, जगन्नाथपुर, हाटगम्हरिया व बंदगांव कुल 5 जगहों पर रक्तदान शिविर का आयोजन किया जा रहा है। जिला वासियों से अनुरोध है, रक्त दान करें, जीवन बचाएं और स्वस्थ समाज बनाएं। आपका एक बूंद रक्त किसी की जिंदगी की नई शुरुआत हो सकती है।
रक्तदान - महादान
🌺 हरिजन बस्ती में माँ दुर्गा काली के दरबार में उमड़ी श्रद्धालुओं की आस्था, चौथे दिन भक्तों ने किया पूजन-दर्शन 🌺
चक्रधरपुर थाना में आयोजित हुई जनसुनवाई, लोगों की समस्याएं सुनी गईं
*चाईबासा के वरिष्ठ दलील लेखक भवतोष राय का निधन, आज मुक्तिधाम में होगा अंतिम संस्कार*

चाईबासा : शहर के बांधपाड़ा निवासी एवं पेशे से दलील लेखक रहे भवतोष राय का सोमवार सुबह को जमशेदपुर स्थित टाटा मेन हॉस्पिटल (टीएमएच) में उपचार के दौरान आकस्मिक निधन हो गया। उनके निधन की खबर से चाईबासा एवं आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर व्याप्त है। स्वर्गीय राय विधिक क्षेत्र से लंबे समय से जुड़े रहे और अपनी सादगी, सौम्यता तथा मिलनसार व्यक्तित्व के कारण समाज में विशेष पहचान रखते थे। उनके निधन को अधिवक्ता समुदाय एवं शहरवासियों ने अपूरणीय क्षति बताया है। वे अपने पीछे भरा-पूरा परिवार छोड़ गए है। उनके प्रथम पुत्र पार्थ सारथी राय शिक्षक है, जबकि दूसरे पुत्र सव्यसाची राय अधिवक्ता है। उनकी पुत्रवधु उपमा राय चाईबासा नगर परिषद की वार्ड पार्षद है।
परिजनों के अनुसार, स्वर्गीय भवतोष राय का अंतिम संस्कार चाईबासा स्थित मुक्तिधाम में किया जाएगा।
*काकुईता देशाउली संरक्षण हेतु ऐतिहासिक बैठक संपन्न, समिति का हुआ गठन*
काकुईता, 21 जून 2026 (रविवार):

आज काकुईता देशाउली के संरक्षण, संवर्धन एवं भविष्य की सुरक्षा को लेकर मोंगरा, हेस्सापी और काकुईता गांव के ग्रामीणों की एक महत्वपूर्ण संयुक्त बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में तीनों गांवों के सैकड़ों पुरुष एवं महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और देशाउली की गरिमा एवं सांस्कृतिक विरासत को सुरक्षित रखने के लिए अपने विचार प्रस्तुत किए।
काकुईता देशाउली तीनों गांवों की आस्था, परंपरा और सांस्कृतिक पहचान का प्रमुख केंद्र है। वर्षों से यह स्थल ग्रामीणों के धार्मिक विश्वास और सामुदायिक एकता का प्रतीक रहा है। हाल के दिनों में देशाउली क्षेत्र में बाहरी लोगों की गतिविधियों तथा संरक्षण से जुड़ी चुनौतियों को देखते हुए यह बैठक आयोजित की गई, ताकि आने वाली पीढ़ियों के लिए इस पवित्र स्थल को सुरक्षित रखा जा सके।
बैठक में मुख्य रूप से देशाउली संरक्षण समिति के गठन एवं सुदृढ़ीकरण, देशाउली क्षेत्र का सीमांकन, संरक्षण एवं संवर्धन की योजना, देशाउली सीमा में पथलगड़ी, तथा बाहरी लोगों के प्रवेश संबंधी नियम एवं प्रतिबंध जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। उपस्थित ग्रामीणों ने एक स्वर में कहा कि देशाउली केवल एक धार्मिक स्थल नहीं, बल्कि उनके पूर्वजों की धरोहर है, जिसकी रक्षा करना प्रत्येक ग्रामीण का दायित्व है।
बैठक के दौरान श्री सुखमोहन सिंकु, अर्जुन सिंकु, निर्मल सिंकु, सुरेंद्र सिंकु, गुराय सिंकु, चिरु सिंकु, मनोज तुबिड, सरजोम सिंकु सहित अनेक ग्रामीणों ने अपने विचार रखे। वक्ताओं ने देशाउली की पवित्रता बनाए रखने, प्राकृतिक संसाधनों की रक्षा करने तथा बाहरी हस्तक्षेप को नियंत्रित करने की आवश्यकता पर बल दिया। सभी ने इस बात पर सहमति व्यक्त की कि सामूहिक प्रयासों और संगठित व्यवस्था के माध्यम से ही देशाउली का प्रभावी संरक्षण संभव है।
बैठक का सबसे महत्वपूर्ण निर्णय “काकुईता देशाउली संरक्षण समिति” का सर्वसम्मति से गठन रहा। समिति के गठन का उद्देश्य देशाउली क्षेत्र की सुरक्षा, विकास, संरक्षण तथा संबंधित नियमों के क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना है।
देशाउली संरक्षण समिति (2026)
अध्यक्ष: रेशमा सिंकु
उपाध्यक्ष: सुरेंद्र सिंकु
सचिव: मनोज तुबिड
सह सचिव: अजय सिंकु
कोषाध्यक्ष: सुदर्शन सिंकु
सह कोषाध्यक्ष: सरजोम सिंकु
संयोजक: निर्मल सिंकु
सलाहकारगण:
सुखमोहन सिंकु, गुराय सिंकु, जड़ेयां सिंकु, चोटोराय सिंकु, चिरू सिंकु एवं मार्शल सिंकु
सदस्यगण:
गुरचरण सिंकु (हेस्सापी मुंडा), बिंदराय सिंकु, सुरेश चंद्र लागुरी, नंदलाल सिंकु, योगेश गोप, निर्मल सिंकु (दियुरी हेस्सापी), वीरसिंह बुड़िउली, डेविड सिंकु (मुंडा मोंगरा) एवं सतारी समुएल सिंकु (मुंडा काकुईता)।
बैठक के अंत में उपस्थित ग्रामीणों ने संकल्प लिया कि काकुईता देशाउली की पवित्रता, प्राकृतिक संपदा और सांस्कृतिक महत्व को हर परिस्थिति में सुरक्षित रखा जाएगा। साथ ही देशाउली क्षेत्र में प्रवेश, गतिविधियों एवं संरक्षण संबंधी नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए समिति को पूर्ण सहयोग देने का भी निर्णय लिया गया।
यह बैठक तीनों गांवों की एकता, जागरूकता और अपनी सांस्कृतिक विरासत के प्रति समर्पण का उत्कृष्ट उदाहरण बनकर उभरी। ग्रामीणों ने विश्वास व्यक्त किया कि नवगठित समिति के नेतृत्व में काकुईता देशाउली का संरक्षण और विकास और अधिक सुदृढ़ रूप से आगे बढ़ेगा तथा यह पवित्र स्थल आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा और आस्था का केंद्र बना रहेगा।
आत्मसमर्पण और पुलिस के हवाले किए जाने के बाद भी भारत तिवारी का एनकाउंटर, न्याय की मांग तेज
मुहर्रम पर्व की तैयारियों को लेकर चक्रधरपुर थाना में शांति समिति की बैठक संपन्न

चक्रधरपुर: आगामी मुहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के उद्देश्य से रविवार को चक्रधरपुर थाना परिसर स्थित सभागार में शांति समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी अवधेश कुमार ने की।

बैठक में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ) डॉ. सय्यद मुस्तफा हाशमी, नगर परिषद एवं विद्युत विभाग के अधिकारी, शांति समिति के सदस्य, विभिन्न समुदायों के गणमान्य नागरिक तथा विभिन्न मुहर्रम अखाड़ा समितियों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। इस दौरान मुहर्रम पर्व के दौरान विधि-व्यवस्था, सुरक्षा व्यवस्था, स्वच्छता, बिजली आपूर्ति एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक में उपस्थित लोगों से आपसी भाईचारे एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण बनाए रखते हुए पर्व मनाने की अपील की गई। साथ ही प्रशासन की ओर से सभी अखाड़ा समितियों एवं नागरिकों से सहयोग की अपेक्षा जताई गई, ताकि मुहर्रम का पर्व शांतिपूर्ण एवं सफलतापूर्वक संपन्न हो सके।
चक्रधरपुर के आर पी एस इंटर कॉलेज में मनाया गया अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस; नशा मुक्ति की ली गई शपथ

कोल्हान नितिर तुरतुंग, चक्रधरपुर: आज अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर कोल्हान नितिर तुरतुंग (KNT) संस्थान, चक्रधरपुर द्वारा आर पी एस इंटर कॉलेज प्रांगण में एक विशेष योग सत्र का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में मुख्य प्रशिक्षक के रूप में ब्रम्हाकुमारी सेवा संस्थान, चक्रधरपुर को आमंत्रित किया गया था।

कार्यक्रम के दौरान ब्रम्हाकुमारी सेवा संस्थान के प्रशिक्षकों ने उपस्थित लोगों को ध्यान व योग की मुद्राएं सूर्य नमस्कार, प्रणामायम आदि आसन कराये और योग के महत्व के बारे में विस्तार से समझाया। उन्होंने योग करने के सही तरीकों और नियमों की जानकारी दी और सबका ध्यान इस ओर आकर्षित किया। योग सत्र के संपन्न होने के बाद एक मेडिटेशन (ध्यान) सत्र भी आयोजित किया गया, जिसमें मेडिटेशन से मन और शरीर को होने वाले फायदों के बारे में बताया गया।

दोनों सत्रों की समाप्ति के बाद, झारखंड सरकार द्वारा चलाए जा रहे नशा मुक्ति अभियान के तहत सभी उपस्थित लोगों ने नशा मुक्ति की शपथ ली। कार्यक्रम के अंत में कोल्हान नितिर तुरतुंग के संरक्षक माझी राम जामुदा ने ब्रम्हाकुमारी सेवा संस्थान के सभी सदस्यों का धन्यवाद व आभार व्यक्त किया।

जानकारी के लिए ब्रम्हाकुमारी संस्थान का ऑफिस रामदास भट्टा, अनुमंडल अस्पताल के विपरीत, चक्रधरपुर में स्थित है, उनका संपर्क नम्बर 9279057522 है।

कार्यक्रम में ये रहे उपस्थित:
इस गरिमामयी कार्यक्रम में चक्रधरपुर के पूर्व विधायक शशि भूषण सामड, कोल्हान नितिर तुरतुंग के संरक्षक माझीराम जामुदा एवं उनकी धर्मपत्नी, फिजिकल ट्रेनर राम बोदरा, संयुक्त सचिव हेमंत सामड, मीडिया प्रभारी रबिन्द्र गिलुवा, शिक्षक जीतू बोदरा, दीपक, अमीषा गागराई और कोल्हान नितिर तुरतुंग संस्थान के सैकड़ों छात्र-छात्राएं मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर चक्रधरपुर थाना परिसर में योग प्रशिक्षण एवं सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में पुलिस पदाधिकारियों एवं जवानों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास किया। इस दौरान नियमित योग के माध्यम से शारीरिक स्वास्थ्य, मानसिक संतुलन तथा तनावमुक्त जीवन के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया।
चक्रधरपुर रेलवे कॉलोनी हॉस्पिटल के सामने रेलवे अधिकारी एपीओ श्रीनिवास जी के क्वाटर पर चोर चोरी को अंजाम देने के उद्देश्य से क्वॉटर में घुसा लेकिन नाकाम रहा समय रहते आरोपी को पकड़ लिया गया और स्थानीय लोगों की मदद से उसे पुलिस के हवाले कर दिया गया । आरोपी हुसैनाबाद का रहने वाला बता रहा था । पुलिस आगे की जाँच पड़ताल कर रही है ।
चक्रधरपुर : चक्रधरपुर रेलवे कॉलोनी स्थित रेलवे अस्पताल के सामने रहने वाले रेलवे अधिकारी एपीओ श्रीनिवास के सरकारी क्वार्टर में चोरी का प्रयास करने का मामला सामने आया है। हालांकि सतर्कता और स्थानीय लोगों की तत्परता के कारण आरोपी अपने मंसूबों में सफल नहीं हो सका और उसे मौके पर ही पकड़ लिया गया।
12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का भव्य आयोजन
गोइलकेरा, 21 जून: 10+2 हाई स्कूल गोइलकेरा के खेल मैदान में 12वें अंतरराष्ट्रीय योग दिवस का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों, अभिभावकों तथा स्थानीय ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
योग प्रशिक्षकों के मार्गदर्शन में उपस्थित लोगों ने विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास किया। कार्यक्रम का उद्देश्य लोगों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा योग के प्रति जागरूक करना था।
इस अवसर पर गोइलकेरा के बीडीओ विवेक कुमार मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने अपने संबोधन में योग के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नियमित योग करने से व्यक्ति शारीरिक एवं मानसिक रूप से स्वस्थ रहता है। साथ ही उन्होंने नशा मुक्ति अभियान को लेकर भी अपनी बात रखी और युवाओं से नशे जैसी बुराइयों से दूर रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि स्वस्थ समाज के निर्माण के लिए योग और नशामुक्त जीवन दोनों आवश्यक हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित लोगों ने योगाभ्यास के साथ-साथ नशा मुक्ति का संकल्प भी लिया। विद्यालय परिवार एवं आयोजन समिति की ओर से सभी प्रतिभागियों का स्वागत किया गया।
कार्यक्रम का सफल संचालन अनुशासित एवं शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ। बड़ी संख्या में लोगों की सहभागिता ने योग के प्रति बढ़ती जागरूकता और समाज में सकारात्मक बदलाव की भावना को दर्शाया।
मुख्य संदेश
"योग अपनाएं, नशा छोड़ें – स्वस्थ एवं समृद्ध समाज की ओर कदम बढ़ाएं।" 🧘‍♂️🇮🇳