सरकारसमर्थित शंकराचार्यरामभद्राचार्य ने ज्योतिष पीठ के अविमुक्तेश्वरानंद को शंकराचार्य मानने से ही इनकार किया है.उन्होंने कहा कि वह तो जगतगुरु भी नहीं है उनके साथ सरकार ने जो बर्ताव किया वह सही था. क्योंकि वह भी गंगा स्नान को जाते हैं तो अपना आसन,पालकी को पहले ही छोड़ जाते हैं और पैदल ही गंगा स्नान के लिए जाते हैं. बोले कि दिग्विजय को शास्त्रों का ज्ञाननही