जिला उद्यान पदाधिकारी शैलेंद्र कुमार ने बताया कि कद्दू की खेती के लिए 30 हेक्टेयर, नेनुआ के लिए 30 हेक्टेयर, करेला के लिए 30 हेक्टेयर और भिंडी की खेती के लिए भी 30 हेक्टेयर का लक्ष्य रखा गया है इन सभी फसलों पर किसानों को 75 प्रतिशत तक अनुदान दिया जा रहा है, जिससे खेती की लागत काफी कम हो जाती है और मुनाफा बढ़ जाता है