जिले में पारा गिरने के साथ ही ठंड में भी इजाफा हो गया है। सुविधा संपन्न लोग शाम होते ही रजाई-कंबल के आगोश में चले जाते है, लेकिन भीख मांगकर गुजारा करने वाले गरीब रात में दुकान बंद होने का इंतेजार करते हैं। रात में बेबस और लाचार गरीब सड़क के किनारे फुटपाथ पर खुले आसमान के नीचे बोरे के सहारे कड़ाके की ठंड काटते नजर आ रहे हैं। शहर में कई जैसे-तैसे ठंड से बचने क