Public App Logo
Profile Picture

PRO JS RATLAM

@projsratlam
645Followers
0Following
आईएफएमआईएस की तकनीकी समस्याओं के निराकरण हेतु 16 एवं 17 जुलाई को जिला कोषालय में लगेगा विशेष शिविर

आईएफएमआईएस पोर्टल से संबंधित तकनीकी समस्याओं के त्वरित निराकरण के लिए जिला कोषालय कार्यालय, रतलाम में 16 एवं 17 जुलाई 2026 को विशेष तकनीकी सहायता शिविर आयोजित किया जाएगा।

वशिष्ठ कोषालय अधिकारी ने बताया कि जिले के सभी आहरण एवं संवितरण अधिकारियों को आईएफएमआईएस से संबंधित तकनीकी समस्याओं के समाधान के लिए इस विशेष शिविर में आमंत्रित किया गया है। शिविर के दौरान विशेषज्ञों द्वारा प्राप्त समस्याओं का परीक्षण कर उनका यथासंभव तत्काल निराकरण किया जाएगा।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
अपर कलेक्टर श्री बृजेंद्र रावत ने बाजना तहसील कार्यालय का किया निरीक्षण

फार्मर रजिस्ट्री, सीएम हेल्पलाइन एवं राजस्व प्रकरणों के समयबद्ध निराकरण के दिए निर्देश

 अपर कलेक्टर श्री बृजेंद्र रावत ने शनिवार को बाजना तहसील कार्यालय का निरीक्षण कर विभिन्न राजस्व एवं प्रशासनिक कार्यों की समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने फार्मर रजिस्ट्री, लघु सिंचाई संगणना, सीएम हेल्पलाइन तथा नामांतरण, बंटवारा सहित अन्य राजस्व प्रकरणों के समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण निराकरण के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान अपर कलेक्टर श्री रावत ने तहसीलदार श्री मनीष जैन से फार्मर रजिस्ट्री अभियान की प्रगति की जानकारी प्राप्त की। तहसीलदार ने बताया कि पटवारियों के माध्यम से ग्रामवार कृषकों की सूची तैयार कराई जा रही है तथा जिन कृषकों की फार्मर रजिस्ट्री अभी शेष है, उनकी कारण सहित पृथक सूची तैयार की जा रही है। इस व्यवस्थित कार्यप्रणाली की अपर कलेक्टर ने सराहना करते हुए अभियान को और अधिक गति देने के निर्देश दिए।

अपर कलेक्टर ने कहा कि राजस्व प्रकरणों का समय-सीमा में निराकरण सुनिश्चित किया जाए तथा सीएम हेल्पलाइन की शिकायतों का गुणवत्तापूर्ण समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाए। उन्होंने लंबित प्रकरणों की नियमित समीक्षा कर शासन की मंशानुरूप कार्य करने के निर्देश भी अधिकारियों को दिए।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
जैविक हाट बाजार में 43 हजार 795 रुपये से अधिक के जैविक उत्पादों का हुआ विक्रय

 जिले में रविवार को आयोजित जैविक एवं प्राकृतिक हाट बाजार में किसानों द्वारा लाए गए जैविक उत्पादों को उपभोक्ताओं ने उत्साहपूर्वक खरीदा। हाट बाजार में विभिन्न विकासखंडों से आए पांच जैविक किसानों ने अपने उत्पादों का विक्रय किया, जिससे कुल 43 हजार 795 रुपये से अधिक का कारोबार हुआ।

धामनोद से आए किसान श्री चंद्रभानु ने जैविक अनाज, दालें, सब्जियां, फल, केसर आम एवं मूंगफली का 14 हजार 290 रुपये का विक्रय किया। वहीं सादाखेड़ी के श्री दिलीप धाकड़ ने शहद का 7 हजार 625 रुपये, करिया के श्री दिलीप पाटीदार ने देसी घी का 18 हजार 600 रुपये, रतलाम के श्री प्रवीण पटेल ने 1 हजार 280 रुपये तथा लुनेरा के श्री नंदकिशोर पटेल ने जैविक गेहूं का 2 हजार रुपये का विक्रय किया।

जिला प्रशासन द्वारा आयोजित जैविक एवं प्राकृतिक हाट बाजार का उद्देश्य किसानों को उनके उत्पादों के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध कराना तथा उपभोक्ताओं तक गुणवत्तापूर्ण एवं रसायनमुक्त खाद्य सामग्री पहुंचाना है।
Department of Agriculture, Madhya Pradesh 
Jansampark Madhya Pradesh 
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
प्रथम टोकन की पूरी मात्रा उठाने के बाद मिलेगी दोबारा बुकिंग की सुविधा

दूसरी बार टोकन बुकिंग पर आवश्यकता अनुसार यूरिया सहित किसी भी उर्वरक का कर सकेंगे क्रय

 उप संचालक किसान कल्याण तथा कृषि विकास विभाग ने जिले के किसानों को जानकारी देते हुए बताया कि ई-विकास प्रणाली के माध्यम से प्रथम बार टोकन में बुक की गई खाद की सम्पूर्ण मात्रा का क्रय एवं उठाव करने के बाद कृषक दूसरी बार टोकन बुक कर सकेंगे।
दूसरी बार टोकन बुकिंग के दौरान किसान अपनी आवश्यकता के अनुसार यूरिया अथवा किसी भी अन्य उर्वरक की बुकिंग कर उसका क्रय एवं उठाव कर सकते हैं। इससे मक्का, कपास तथा अन्य खड़ी फसलों में टॉप ड्रेसिंग के लिए आवश्यक यूरिया किसानों को आसानी से उपलब्ध हो सकेगा।
उप संचालक ने किसानों से आग्रह किया है कि वे प्रथम टोकन में बुक की गई खाद की पूरी मात्रा का समय पर उठाव करें तथा आवश्यकता होने पर दूसरी बार टोकन बुक कर अपनी फसल की जरूरत के अनुसार उर्वरक प्राप्त करें। इससे उर्वरकों का सुव्यवस्थित वितरण सुनिश्चित होने के साथ किसानों को समय पर आवश्यक खाद उपलब्ध हो सकेगी।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=jansampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
जिले में अब तक 228.38 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
विश्व जनसंख्या दिवस पर जिले में हुई जागरूकता गतिविधियां आयोजित

बच्चों के जन्म के बीच अंतर रखें : सीएमएचओ

विश्व जनसंख्या दिवस 11 जुलाई के अवसर पर रतलाम जिले के विभिन्न शासकीय स्वास्थ्य केंद्र एवं आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर राष्ट्रीय परिवार कल्याण कार्यक्रम के संबंध में जागरूकता गतिविधियां आयोजित की गई। कार्यक्रम के अंतर्गत इस वर्ष का नारा "जब तक बच्चों में हो सही अंतर, परिवार बने स्वस्थ और खुशहाल " निर्धारित किया गया है। कार्यक्रम के संबंध में जिला प्रशिक्षण केंद्र वीरिया खेड़ी में कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला को संबोधित करते हुए सीएमएचओ डॉ किरण वाडिवा  ने बताया कि परिवार कल्याण कार्यक्रम के अंतर्गत पहला बच्चा शादी के 2 साल बाद और पहले और दूसरे बच्चे में कम से कम 3 साल का अंतर रखने के संबंध में परिवार कल्याण के अस्थाई साधनों को अपनाने की दिशा में दंपतियों को प्रेरित किया जाए। परिवार कल्याण कार्यक्रम के अस्थाई साधन के रूप में रतलाम जिले में नए साधन इंप्लांट उपलब्ध है ,  जिसकी बाजार में कीमत लगभग 8 हजार रुपए है,   जिला चिकित्सालय रतलाम और मेडिकल कॉलेज रतलाम  में इसकी निशुल्क सेवाएं प्रदान की जा रही है। परिवार कल्याण के स्थाई साधन अर्थात ऑपरेशन के संबंध में सीएमएचओ ने स्पष्ट किया कि परिवार कल्याण कार्यक्रम के राष्ट्रीय गुणवत्ता मानकों के अनुसार ही सेवाएं प्रदान की जाएगी। उन्होंने अनुरोध किया कि परिवार कल्याण स्थाई ऑपरेशन करने के लिए दूसरे बच्चे की आयु कम से कम 9 माह हो, और बच्चे को खसरे का टीका लगवाने के बाद ही स्थाई साधन के रूप में सोचना चाहिए। अस्थाई साधन के रूप में साप्ताहिक गर्भनिरोधक गोली छाया , माला एन, और पी पी आई यू सी डी, निरोध की सेवाएं सहज रूप में उपलब्ध है। सीएमएचओ ने निर्देशित किया कि  क्षेत्र की आशा कार्यकर्ताएं , एएनएम सुपरवाइजर, एल एच वी आदि कार्यक्रम के दौरान 18 जुलाई तक घर-घर संपर्क करें एवं योग्य दंपतियों को अस्थाई साधनों की पूरी जानकारी देकर शंका समाधान करें। पी एस आई इंडिया के प्रोग्राम मैनेजर श्री केवल कुमार सिसोदिया ने परिवार कल्याण कार्यक्रम के अस्थाई साधनों के उपयोग इसके लाभ के बारे में विस्तार से जानकारी दी। जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ राजेश मंडलोई ने बताया कि परिवार कल्याण कार्यक्रम के अंतर्गत सामान्य महिला नसबंदी ऑपरेशन करने पर 2000 रुपए की राशि, प्रसव के 7 दिन के भीतर नसबंदी ऑपरेशन करने पर 3000 रूपये की राशि, पुरुष नसबंदी कराने पर 3000 रूपये की राशि, प्रसव पश्चात आईयूसीडी लगवाने पर 300 रुपए की राशि, गर्भपात पश्चात आई यू सी डी लगवाने पर 300 रुपए की राशि, अंतरा इंजेक्शन लगवाने पर 100  रुपए की राशि हितग्राही को प्रदान की जाती है। उन्होंने बताया कि अंतरा इंजेक्शन 3 महीने के अंतर पर चार बार लगवा कर 3 साल तक गर्भधारण से बचा जा सकता है, यह इंजेक्शन लगवाने में आसान होने के साथ-साथ सर्वाइकल कैंसर तथा एनीमिया से भी बचाव करता है, परिवार कल्याण कार्यक्रम के अंतर्गत सभी शासकीय स्वास्थ्य केंद्र पर सेवाएं पूरी तरह निशुल्क उपलब्ध है। कार्यशाला के दौरान शहरी स्वास्थ्य कार्यक्रम प्रबंधक डॉ गौरव बोरीवाल, डिप्टी मीडिया अधिकारी श्रीमती सरला वर्मा, एन एम ए श्री शरद शुक्ला, जिला मीडिया अधिकारी आशीष चौरसिया, बी ई ई श्रीमती इशरत जहां सैयद , श्री लोकेश वैष्णव, श्री सुरेश जोशी, श्री विकास पटेल, श्री नरेंद्र कछावा, शहरी क्षेत्र के सभी सुपरवाइजर,  एएनएम , एल एच वी, शहरी आशा कार्यकर्ता आदि उपस्थित रहे।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
कलेक्टर श्रीमती सिंह के निर्देश से बाजना में हुआ विशेष वन अधिकार शिविर आयोजित

4741 लंबित प्रकरणों में का हुआ निराकरण

कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह के निर्देश से जनपद पंचायत बाजना में विशेष वन अधिकार शिविर आयोजित किया गया। शिविर में कुल 15 पंचायत की ग्राम स्तर पर नवीन लंबित दावे, पुनः परीक्षण के लंबित दावे व सीएफआरआर के दावों पर सहित 4741 लंबित प्रकरणों में कार्यवाही की गई।

साथ ही सहायक आयुक्त श्रीमती डॉ प्रियंका राय द्वारा बाजना क्षेत्र की विभिन्न छात्रावासों एवं विद्यालयों का औपचारिक निरीक्षण किया गया। राजापुरा माताजी में जनजाति कार्य द्वारा संचालित आश्रम शाला में मध्यान्ह भोजन का निरीक्षण कर  मध्यान्ह भोजन भी किया गया।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह ने लोक सेवा गारंटी में लापरवाही पर नौ राजस्व अधिकारियों पर लगाया 9 हजार 500 का अर्थदण्ड

 मध्यप्रदेश लोक सेवा गारंटी अधिनियम, 2010 के तहत समयसीमा में सेवाएं उपलब्ध नहीं कराने के मामले में  कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह ने नौ राजस्व अधिकारियों पर कुल 9,500 रुपये का अर्थदण्ड अधिरोपित किया है।

लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत न्यायालय नायब तहसीलदार टप्पा बड़ावदा, तहसीलदार  सैलाना, तहसीलदार  रावटी, न्यायालय नायब तहसीलदार रतलाम शहर (पश्चिम भाग), तहसीलदार जावरा, न्यायालय नायब तहसीलदार टप्पा ढोढर, न्यायालय नायब तहसीलदार आलोट, न्यायालय नायब तहसीलदार टप्पा शिवगढ़ तथा न्यायालय नायब तहसीलदार पिपलौदा के कुल 38 प्रकरण निर्धारित समयसीमा से बाहर पाए गए। समयसीमा में आवेदनों का निराकरण नहीं होने के कारण आवेदकों को सेवाएं समय पर उपलब्ध नहीं हो सकीं, जो अधिनियम का उल्लंघन है।

अधिनियम की धारा 7(1)(क) के तहत न्यायालय नायब तहसीलदार टप्पा बड़ावदा  श्री भगवान सिंह ठाकुर पर 04 लंबित प्रकरणों के लिए 1000 रुपये, तहसीलदार सैलाना  श्री कुलभूषण शर्मा पर 01 लंबित प्रकरण के लिए 250 रुपये, तहसीलदार  रावटी श्रीमती वंदना किराडे पर 01 लंबित प्रकरण के लिए 250 रुपये, न्यायालय नायब तहसीलदार रतलाम शहर (पश्चिम भाग) श्री ऋषभ ठाकुर पर 04 लंबित प्रकरणों के लिए 1000 रुपये, तहसीलदार जावरा श्री सहदेव मौरे पर 20 लंबित प्रकरणों के लिए 5000 रुपये, न्यायालय नायब तहसीलदार टप्पा ढोढर श्री वैभव जैन पर 03 लंबित प्रकरणों के लिए 750 रुपये, न्यायालय नायब तहसीलदार आलोट श्री पंकज पवैया पर 02 लंबित प्रकरणों के लिए 500 रुपये, न्यायालय नायब तहसीलदार टप्पा शिवगढ़ श्री रामकलेश साकेत पर 02 लंबित प्रकरणों के लिए 500 रुपये तथा न्यायालय नायब तहसीलदार पिपलौदा श्रीमती श्रद्धा त्रिवेदी पर 01 लंबित प्रकरण के लिए 250 रुपये का अर्थदण्ड लगाया गया है।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
जिला चिकित्सालय रतलाम में शिशु मृत्यु समीक्षा बैठक संपन्न

 सिविल सर्जन  डॉ ए पी सिंह की अध्यक्षता एवं एम सी एच नोडल ऑफिसर डॉ आर सी डामोर की उपस्थिति में एस एन सी यू, पी आई सी यू  एवं शिशु वार्ड की मासिक शिशु मृत्यु समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया ।
बैठक का संचालन आई पी यू प्रभारी चिकित्सक डॉ प्रतीक आर्या द्वारा किया गया,  जिसमें शिशु मृत्यु की समीक्षा की गई ।
बैठक में पी आई सी यू की बेड ऑक्यूपेंसी कम पाई गई ,  जिसे बढ़ाने हेतु प्रयास करने के निर्देश दिए गए । शिशु मृत्यु समीक्षा  के साथ साथ सिविल सर्जन  द्वारा मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य कार्यक्रम  के विभिन्न अंतर्गत अनमोल 2.0, सिकल सेल स्क्रीनिंग, फैमिली प्लानिंग आदि की भी समीक्षा की गई, जिसमें संबंधित चिकित्सा अधिकारी एवं मातृ स्वास्थ्य कोऑर्डिनेटर तथा प्रभारी नर्सिंग ऑफिसर लेबर रूम को कार्यदायित्व सौंपते हुए आगामी दिनों में पेंडेंसी को खत्म करने के निर्देश दिये ।
बैठक के दौरान प्रभारी  चिकित्सक लेबर रूम डॉ सोफिया सिंगारे एवं अन्य स्त्री रोग विशेषज्ञ,शिशु रोग विशेषज्ञ, अस्पताल प्रबंधक, मेट्रन, प्रभारी नर्सिंग ऑफिसर एम सी एच, पी एन सी , शिशु वार्ड, आई पी यू अन्य नर्सिंग ऑफिसर एवं डाटा एंट्री ऑपरेटर आदि उपस्थित रहे ।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
जिले में अब तक 228.38 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
प्रधानमंत्री आवास समाधान कैंप 13 जुलाई से 17 जुलाई तक सभी जनपद पंचायत कार्यालय में आयोजित होंगे।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
रतलाम जिले की सभी तहसीलों में आज शनिवार को आयोजित होगे राजस्व निराकरण शिविर : कलेक्टर श्रीमती सिंह

मौके पर होगा राजस्व मामलों का समाधान

कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह के निर्देशन में जिले की सभी तहसीलों में आज शनिवार को राजस्व निराकरण शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। शिविरों का उद्देश्य आम नागरिकों की राजस्व संबंधी समस्याओं का त्वरित एवं प्रभावी निराकरण करना है।

शिविरों में सीमांकन, नामांतरण, बंटवारा, अभिलेखों में त्रुटि सुधार तथा अन्य राजस्व संबंधी प्रकरणों का परीक्षण कर नियमानुसार निराकरण किया जाएगा। संबंधित राजस्व अधिकारी एवं कर्मचारी शिविर में उपस्थित रहकर नागरिकों की समस्याओं का मौके पर समाधान सुनिश्चित करेंगे।

जिला प्रशासन ने जिले के सभी नागरिकों से आग्रह किया है कि जिनके राजस्व संबंधी प्रकरण लंबित हैं अथवा किसी प्रकार की समस्या है, वे अपने आवश्यक दस्तावेजों के साथ संबंधित तहसील कार्यालय में आयोजित राजस्व निराकरण शिविर में उपस्थित होकर शासन की इस सुविधा का लाभ उठाएं।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
हरथली एवं तितरी में टीकाकरण दिवस का संयुक्त विभागीय निरीक्षण

गर्भवती महिलाओं व बच्चों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने के निर्देश

 स्वास्थ्य विभाग एवं महिला एवं बाल विकास विभाग के संयुक्त दल ने गुरुवार को रतलाम ग्रामीण क्षेत्र के हरथली एवं तितरी ग्रामों में आयोजित टीकाकरण दिवस  ( ग्राम स्वास्थ्य एवं पोषण दिवस) का निरीक्षण कर गर्भवती महिलाओं एवं बच्चों को प्रदान की जा रही स्वास्थ्य सेवाओं का मूल्यांकन किया।

निरीक्षण के दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. किरण वाडिया तथा जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास श्री सुभाष जैन ने सत्र स्थलों पर उपलब्ध सुविधाओं एवं रिकॉर्ड का गहन निरीक्षण किया तथा आवश्यक सुधारात्मक निर्देश दिए। एएनएम द्वारा संधारित एएनसी रजिस्टर एवं रिकॉर्ड की जांच की गई, वहीं आशा कार्यकर्ताओं की डायरी का भी अवलोकन कर उसे पूर्ण एवं अद्यतन रखने के निर्देश दिए गए।

सीएमएचओ डॉ. वाडिया ने निर्देशित किया कि सभी  केंद्रों पर प्रसव पूर्व जांच हेतु टेबल, फुट स्टेप स्टूल, पीने के पानी की व्यवस्था, बैठने के लिए दरी, हीमोग्लोबिन जांच, गर्भवती महिलाओं में डायबिटीज जांच, फोलिक एसिड, आयरन (लाल, नीली एवं गुलाबी) तथा कैल्शियम की पर्याप्त उपलब्धता अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक गर्भवती महिला की संपूर्ण प्रसवपूर्व जांच  कर हाई-रिस्क गर्भवती महिलाओं की समय पर पहचान एवं आवश्यक प्रबंधन किया जाए।

वर्षा ऋतु को देखते हुए दस्त रोग की रोकथाम के लिए प्रत्येक केंद्र पर ओ आर एस कॉर्नर स्थापित करने तथा ओ आर एस एवं जिंक की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।

जिला कार्यक्रम अधिकारी श्री सुभाष जैन ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को स्वास्थ्य विभाग के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करते हुए सभी गर्भवती महिलाओं एवं बच्चों को टीकाकरण सत्र स्थल तक लाने, समय पर गर्भावस्था पंजीकरण करने तथा सभी रिकॉर्ड अद्यतन रखने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान बच्चों के नियमित टीकाकरण, वजन मापन, वृद्धि निगरानी एवं टीकाकरण रिकॉर्ड का भी अवलोकन किया गया। स्वास्थ्य कर्मचारियों एवं आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को निर्देशित किया गया कि कोई भी पात्र गर्भवती महिला अथवा बच्चा टीकाकरण एवं अन्य आवश्यक स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित न रहे।

सी एम एच ओ द्वारा बताया गया कि 14 जुलाई से 31 जुलाई तक संचालित होने वाले दस्तक अभियान के दौरान स्वास्थ्य विभाग एवं महिला एवं बाल विकास विभाग संयुक्त रूप से पाँच वर्ष से कम आयु के बच्चों में बाल्यकालीन दस्त रोग की रोकथाम एवं जागरूकता गतिविधियां संचालित करेंगे। साथ ही डी एस एस टूल के माध्यम से पाँच वर्ष से कम आयु के गंभीर कुपोषित (सेम) बच्चों की सक्रिय पहचान कर चिकित्सीय जटिलता वाले बच्चों का समय पर रेफरल एवं संस्थागत उपचार सुनिश्चित किया जाएगा।

निरीक्षण के दौरान जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. वर्षा कुरील, न्यूट्रीशनल इंटरनेशनल उज्जैन संभाग के संभागीय समन्वयक आशीष पुरोहित, लोकेश वैष्णव, सैय्यद अली एवं सुरेश पाठक उपस्थित रहे।
Directorate of Health Services, Madhya Pradesh 
Jansampark Madhya Pradesh 
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
पीएम राहत योजना के संबंध में निजी अस्पताल प्रबंधकों की बैठक संपन्न

योजना अंतर्गत दुर्घटना के मामलों में 7 दिन तक भर्ती रहने पर डेढ़ लाख रुपए तक का निशुल्क उपचार

 कलेक्टर श्रीमती मिशा सिंह के निर्देशानुसार न्यू कलेक्ट्रेट सभा कक्ष में पीएम राहत योजना के संबंध में निजी अस्पताल प्रबंधकों की बैठक एडीएम श्री बृजेंद्र कुमार रावत एवं सीएमएचओ डॉ किरण वाडिवा की उपस्थिति में आयोजित की गई।  बैठक में प्रस्तुतिकरण के दौरान डीआईओएनआईसी श्री श्रेय भावसार एवं डीएएमएनआईसी श्री रोहित भट्ट ने बताया कि पीएम राहत योजना के अंतर्गत दुर्घटना के मामलों में पीड़ित व्यक्ति को 7 दिन तक भर्ती रहने पर डेढ़ लाख रुपए तक का निःशुल्क उपचार प्रदान किया जाता है। योजना के अंतर्गत रतलाम जिले में अब तक 22 प्रकरणों में 4 लाख 13 हज़ार 465 रुपये की राशि की स्वीकृति जारी कर अस्पतालों के खाते में राशि जारी की जा चुकी है। योजना में रतलाम जिले के मेडिकल कॉलेज जिला चिकित्सालय एवं सिविल अस्पताल सहित अन्य शासकीय अस्पतालों को इन इंपैनल्ड किया जा चुका है। निजी अस्पतालों के अंतर्गत रतलाम जिले के आरोग्यं हॉस्पिटल कॉलेज रोड रतलाम, आशीर्वाद नर्सिंग होम काटजू नगर रतलाम, आयुष्मान सुपर सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल महू रोड रतलाम, श्रद्धा हॉस्पिटल काटजू रोड रतलाम, केके शाह हॉस्पिटल काटजू नगर रतलाम, शंकुश हॉस्पिटल महू रोड रतलाम, जीडी हॉस्पिटल 80 फीट रोड रतलाम, जैन दिवाकर श्री अरविंदो हॉस्पिटल सागोद रोड रतलाम, राघव न्यूरो ट्रॉमा सेंटर सैलाना रोड रतलाम, सरदार पटेल हॉस्पिटल एडं रिसर्च सेंटर जावरा को इंपैनल्ड किया जा चुका है। बैठक के दौरान एडीएम श्री बृजेंद्र कुमार रावत ने जिले के सभी अस्पताल प्रबंधकों को योजना अंतर्गत इंपैनलमेंट हेतु आवेदन करने के लिए निर्देशित किया। बैठक के दौरान बताया गया कि दुर्घटना होने के 24 घंटे की अवधि में अस्पताल में एडमिशन लिया जाना अनिवार्य है, योजना के अंतर्गत उपचार संबंधी राशि जारी करने संबंधी ऑनलाइन प्रक्रिया के बारे में बैठक में विस्तृत जानकारी दी गई, योजना में पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन है, सभी प्रबंधकों को प्री अप्रूवल की कार्रवाई करने तथा हर दुर्घटना प्रकरण में पीड़ितों को लाभ दिलाने के लिए निर्देशित किया गया। बैठक के दौरान कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ राजेश मंडलोई, श्री आनंदीलाल जैन, पुलिस विभाग के कर्मचारियों सहित निजी अस्पतालों के प्रबंधक आदि उपस्थित रहे।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने नागदा को दी केंद्रीय विद्यालय की सौगात, किया शुभारंभ

200 सीटों के साथ 1 से 5 तक की कक्षाएं होगी संचालित

 मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार को नागदा में केंद्रीय विद्यालय का शुभारंभ किया। इस अवसर को क्षेत्र की शिक्षा व्यवस्था के लिए ऐतिहासिक उपलब्धि बताते हुए उन्होंने कहा कि केंद्रीय विद्यालय की स्थापना से नागदा एवं आसपास के ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के विद्यार्थियों को अपने ही क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर की गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध होगी।

विद्यालय में प्रथम चरण में कक्षा 1 से 5 तक की कक्षाएं संचालित होंगी। प्रत्येक कक्षा में 40 विद्यार्थियों के प्रवेश की व्यवस्था के अनुसार कुल 200 सीटों पर अध्ययन प्रारंभ होगा। इनमें 25 प्रतिशत सीटों पर शिक्षा का अधिकार आरटीई के अंतर्गत पात्र बच्चों को प्रवेश दिया जाएगा। प्रवेश प्रक्रिया प्रारंभ हो चुकी है तथा आगामी 3 अगस्त से नियमित कक्षाएं शुरू होंगी।

केंद्रीय विद्यालय संगठन द्वारा संचालित विद्यालय देशभर में एक समान पाठ्यक्रम, उत्कृष्ट शैक्षणिक गुणवत्ता और आधुनिक शिक्षण पद्धति के लिए प्रसिद्ध हैं। यहां राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अनुरूप विद्यार्थियों के बौद्धिक, सामाजिक, नैतिक एवं व्यक्तित्व विकास पर विशेष ध्यान दिया जाता है।

विद्यालय में आधुनिक कक्षाएं, विज्ञान एवं कंप्यूटर प्रयोगशालाएं, समृद्ध पुस्तकालय, खेलकूद तथा सह-शैक्षणिक गतिविधियों की सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी। इससे विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के साथ उन्हें प्रतियोगी परीक्षाओं और उच्च शिक्षा के लिए मजबूत आधार प्राप्त होगा।

केंद्रीय विद्यालय की स्थापना से विशेष रूप से ऐसे परिवारों को बड़ी सुविधा मिलेगी, जिनका स्थानांतरण विभिन्न स्थानों पर होता रहता है। पूरे देश में एक समान पाठ्यक्रम होने के कारण विद्यार्थियों की पढ़ाई बिना किसी व्यवधान के जारी रह सकेगी।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि केंद्रीय विद्यालय केवल शिक्षा का केंद्र नहीं, बल्कि अनुशासन, उत्कृष्टता, नवाचार और राष्ट्रीय मूल्यों के संवर्धन का सशक्त माध्यम है। नागदा को मिली यह सौगात आने वाले वर्षों में क्षेत्र के शैक्षणिक एवं सामाजिक विकास को नई दिशा प्रदान करेगी।

शुभारंभ अवसर पर कर्नाटक के महामहिम राज्यपाल श्री थावरचंद गहलोत, उज्जैन जिले के प्रभारी मंत्री श्री
गौतम टेंटवाल, सांसद श्री अनिल फिरोजिया, आलोट विधायक श्री चिंतामणि मालवीय, खाचरोद विधायक श्री तेज बहादुर सिंह, घटिया विधायक श्री सतीश मालवीय, बडनगर विधायक श्री जितेंद्र पंडिया, श्री राजेश धाकड़, श्री प्रदीप उपाध्याय सहित अन्य सभी जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारियों में कमिश्नर श्री आशीष सिंह,एडीजी श्री राकेश गुप्ता,कलेक्टर श्री रौशन कुमार सिंह,पुलिस अधीक्षक श्री प्रदीप शर्मा, प्राचार्य केन्द्रीय विद्यालय उज्जैन  श्री मुकेश कुमार मीणा भी मौजूद थे।
CM Madhya Pradesh Jansampark Madhya Pradesh 
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
ताराखेड़ी–नगरी मार्ग का निर्माण कार्य प्रगति पर

अतिरिक्त आवश्यक कार्यों के लिए भेजा गया पुनरीक्षित प्राक्कलन

पुनरीक्षित स्वीकृति के बाद शेष कार्य होगा पूर्ण, गुणवत्ता की 5 वर्ष तक रहेगी गारंटी

 कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग संभाग रतलाम ने स्पष्ट किया है कि ताराखेड़ी से नगरी मार्ग, लंबाई 1.00 किलोमीटर के निर्माण कार्य में ठेकेदार को किसी प्रकार का अधिक भुगतान नहीं किया गया है। इस मार्ग के लिए 150.56 लाख रुपये की प्रशासकीय स्वीकृति 21 अक्टूबर 2024 को प्राप्त हुई थी। निविदा प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद चयनित ठेकेदार को 17 फरवरी 2025 को कार्यादेश जारी किया गया, जिसमें 16 अगस्त 2025 तक कार्य पूर्ण करने की समय-सीमा निर्धारित की गई थी।

उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य के अंतर्गत कुल 4 पुल-पुलियाओं में से 3 का निर्माण तथा सी.आर.एम. एवं डब्ल्यू.एम.एम. का कार्य पूरा किया जा चुका है। संबंधित अनुविभागीय अधिकारी, लोक निर्माण विभाग उपसंभाग जावरा द्वारा कार्य का मापन एवं मूल्यांकन किए जाने के बाद ही किए गए कार्य के अनुरूप 112.85 लाख रुपये का भुगतान किया गया है।

कार्यपालन यंत्री ने बताया कि मूल प्राक्कलन में ओ.जी.पी.सी. सील कोट का प्रावधान था, लेकिन स्थल की आवश्यकता को देखते हुए बी.एम., प्रोटेक्शन वॉल एवं अन्य आवश्यक मदों को शामिल करते हुए 241.60 लाख रुपये का पुनरीक्षित प्राक्कलन तैयार कर प्रशासकीय स्वीकृति के लिए वरिष्ठ कार्यालय को भेजा गया है। पुनरीक्षित स्वीकृति प्राप्त नहीं होने तथा भुगतान आईडी ब्लॉक होने के कारण ठेकेदार द्वारा शेष कार्य नहीं किया जा रहा है। स्वीकृति प्राप्त होते ही शेष निर्माण कार्य पूर्ण कराया जाएगा।

उन्होंने बताया कि अनुबंध के प्रावधानों के अनुसार निर्माण कार्य पूर्ण होने के बाद भी 5 वर्ष की परफॉर्मेंस गारंटी अवधि तक मार्ग की गुणवत्ता बनाए रखने की जिम्मेदारी संबंधित एजेंसी की रहेगी। इस अवधि में सड़क क्षतिग्रस्त होने पर विभाग द्वारा ठेकेदार से मरम्मत कराई जाएगी तथा मरम्मत नहीं करने की स्थिति में नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
विश्व जनसंख्या दिवस 11 जुलाई को मनाया जाएगा

 मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ किरण वाडीवा ने बताया कि 11 जुलाई को विश्व जनसंख्या दिवस मनाया जाएगा ।   अभियान का उद्देश्य सही समय पर गर्भावस्था तथा दो बच्चों के मध्य सही समय के अंतर को स्वैच्छिक साधनों के उपयोग से बढ़ावा देना है ,  जिससे मातृ स्वास्थ्य एवं शिशु स्वास्थ्य में सुधार किया जा सके। इस वर्ष विश्व जनसंख्या दिवस की थीम " मां और बच्चे की अच्छी सेहत के लिए गर्भधारण के लिए सही समय तथा गर्भावस्था के मध्य सही अंतर रखा जाना जरूरी है ,  अनचाहे गर्भधारण से बचे"निर्धारित की गई है। इस वर्ष विश्व जनसंख्या दिवस अभियान का नारा "जब तक बच्चों में हो सही अंतर, परिवार बने स्वस्थ और खुशहाल "है। 11 जुलाई से 18 जुलाई के मध्य जिले की समस्त शासकीय स्वास्थ्य संस्थानों में परिवार नियोजन के साधनों की उपलब्धता तथा सेल्फ केयर किट में कंडोम प्रेगनेंसी किट व  आपातकालीन गर्भनिरोधक गोली की प्रदायगी के साथ परामर्श सेवाएं प्रदान की जाएगी। अभियान के दौरान सास बहू सम्मेलन , परिवार विकास सम्मेलन भी आयोजित किए जाएंगे। डॉ राजेश मंडलोई जिला स्वास्थ्य अधिकारी ने बताया कि शादी के बाद बच्चों में देरी ,  बच्चों के जन्म में उचित अंतराल, प्रसव पश्चात तथा गर्भपात पश्चात परिवार नियोजन की सेवाएं, परिवार नियोजन में पुरुषों की सहभागिता ,  दीर्घकालिक गर्भनिरोधक साधन का उपयोग करके स्वस्थ परिवार बनाया जा सकता है। स्वास्थ्य कार्यकर्ता घर-घर संपर्क के दौरान शादी के बाद बच्चों के जन्म में 2 साल की देरी ,  पहले और दूसरे बच्चे के बीच कम से कम 3 साल का अंतराल और दो बच्चों के बाद भी गर्भ निरोधक साधनों के उपयोग के संबंध में परामर्श प्रदान करेंगे।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
लोक सेवा गारंटी अधिनियम के तहत समयसीमा उल्लंघन पर दो राजस्व अधिकारियों पर 5 हजार 250 रुपये का अर्थदण्ड लगाया

21 प्रकरण समयसीमा से बाहर पाए जाने पर की कार्यवाही

 मध्यप्रदेश लोक सेवा गारंटी अधिनियम, 2010 के तहत समयसीमा में सेवाएं उपलब्ध नहीं कराने के मामले में अपर कलेक्टर श्री बृजेंद्र कुमार रावत ने दो राजस्व अधिकारियों पर कुल 5,250 रुपये का अर्थदण्ड अधिरोपित किया है।

लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अंतर्गत न्यायालय नायब तहसीलदार आलोट तथा न्यायालय नायब तहसीलदार टप्पा कालूखेड़ा के कुल 21 प्रकरण निर्धारित समयसीमा से बाहर पाए गए। समयसीमा में आवेदनों का निराकरण नहीं होने के कारण आवेदकों को सेवाएं समय पर उपलब्ध नहीं हो सकीं, जो अधिनियम का उल्लंघन है।

अधिनियम की धारा 7(1)(क) के तहत नायब तहसीलदार आलोट श्री राजेश पाटीदार पर 18 लंबित प्रकरणों के लिए 4,500 रुपये तथा नायब तहसीलदार टप्पा कालूखेड़ा श्रीमती श्रद्धा द्विवेदी पर 3 लंबित प्रकरणों के लिए 750 रुपये का अर्थदण्ड लगाया गया है।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
जिले में अब तक 228.38 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
जिले में अब तक 228.38 मि.मी. औसत वर्षा दर्ज
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
डॉ. भीमराव अंबेडकर आर्थिक कल्याण योजना से 87 युवाओं को मिला स्वरोजगार का संबल

योजना में 87 हितग्राहियों को मिला 34.94 लाख रुपये का ऋण

 जिला अन्त्यावसायी सहकारी विकास समिति मर्यादित, रतलाम ने वित्तीय वर्ष 2025-26 में संचालित डॉ. भीमराव अंबेडकर आर्थिक कल्याण योजना के अंतर्गत जिले में निर्धारित लक्ष्य की शत-प्रतिशत उपलब्धि प्राप्त की है। योजना के तहत 87 हितग्राहियों का लक्ष्य निर्धारित था। इसके विरुद्ध 115 आवेदन प्राप्त हुए, जिनमें से 87 प्रकरण स्वीकृत कर सभी हितग्राहियों को कुल 34 लाख 94 हजार रुपये का ऋण वितरित किया गया। योजना के माध्यम से पात्र युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने का लक्ष्य सफलतापूर्वक पूरा किया गया।

कार्यपालन अधिकारी, जिला अन्त्यावसायी सहकारी विकास समिति मर्यादित ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए भी डॉ. भीमराव अंबेडकर आर्थिक कल्याण योजना के अंतर्गत अनुसूचित जाति वर्ग के युवक-युवतियों से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। योजना के तहत 18 से 55 वर्ष आयु के ऐसे आवेदक जो आयकरदाता न हों, वे स्वयं का व्यवसाय अथवा सेवा इकाई स्थापित करने के लिए 10 हजार से  1 लाख रूपये तक के ऋण हेतु आवेदन कर सकते हैं। नियमित ऋण भुगतान करने पर अधिकतम 5 वर्ष तक 7 प्रतिशत ब्याज अनुदान का लाभ भी प्रदान किया जाएगा।

योजना के लिए आवेदन एमपीऑनलाइन पोर्टल samast.mponline.gov.in  के माध्यम से किए जा सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए जिला अन्त्यावसायी सहकारी विकास समिति मर्यादित, महलवाड़ा, रतलाम कार्यालय अथवा दूरभाष क्रमांक 07412-235380 पर संपर्क किया जा सकता है।
आकांक्षी विकासखंड में बेहतर प्रदर्शन के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ बेहतर कार्य करें

आकांक्षी विकासखंड बाजना के विभिन्न विभागों की प्रगति की समीक्षा बैठक संपन्न

सीईओ जिला पंचायत सुश्री वैशाली जैन ने गुरुवार को आकांक्षी विकासखंड बाजना के विभिन्न विभागों द्वारा संचालित योजनाओं एवं निर्धारित संकेतकों की समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में स्वास्थ्य, महिला एवं बाल विकास, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, पंचायत एवं ग्रामीण विकास, शिक्षा, कृषि, पशुपालन सहित विभिन्न विभागों के पैरामीटरवार कार्यों की विस्तार से समीक्षा की गई। अधिकारियों से प्रत्येक संकेतक की प्रगति की जानकारी लेकर लक्ष्य प्राप्ति के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

सीईओ सुश्री जैन ने कहा कि आकांक्षी विकासखंड में बेहतर प्रदर्शन के लिए सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें तथा निर्धारित लक्ष्यों की समय-सीमा में शत-प्रतिशत पूर्ति सुनिश्चित करें। उन्होंने निर्देश दिए कि फील्ड स्तर पर नियमित मॉनिटरिंग कर योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों तक पहुंचाये।

बैठक में सीईओ जिला पंचायत ने विशेष रूप से शिक्षा विभाग को निर्देशित किया कि विद्यालयों में बच्चों के लिए शिक्षा को अधिक रुचिकर एवं गुणवत्तापूर्ण बनाने के लिए नवाचार किए जाएं। उन्होंने कहा कि विकासखंड की फील्ड टीम नियमित रूप से क्षेत्र में भ्रमण कर योजनाओं के क्रियान्वयन की निगरानी करे।

उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि जो अधिकारी एवं कर्मचारी अपने दायित्वों का निर्वहन नहीं कर रहे हैं, उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई की जाए। बैठक में सभी विभागों को बेहतर प्रदर्शन कर आकांक्षी विकासखंड बाजना को उत्कृष्ट श्रेणी में लाने के लिए गंभीरता एवं प्रतिबद्धता के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
ई-विकास प्रणाली से पारदर्शी तरीके से हो रहा उर्वरक वितरण

जिले में सुपर फॉस्फेट एवं एन.पी.के. उर्वरक पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध

यूरिया के साथ फॉस्फेटिक उर्वरकों का प्रयोग किसानों के लिए लाभकारी

जिले में किसानों को उर्वरकों का वितरण ई-विकास प्रणाली के माध्यम से पारदर्शी एवं वैज्ञानिक तरीके से किया जा रहा है। इस प्रणाली में फसल के रकबे एवं प्रकार के अनुसार कृषि वैज्ञानिकों की अनुशंसा के आधार पर उर्वरक की मात्रा निर्धारित की जाती है, जिससे किसानों को संतुलित पोषक तत्वों का उपयोग करने के लिए प्रोत्साहित किया जा सके।

उप संचालक कृषि विभाग ने बताया कि फसलों के बेहतर विकास के लिए नत्रजन (यूरिया) के साथ फॉस्फेटिक उर्वरकों जैसे सुपर फॉस्फेट, एन.पी.के., डी.ए.पी. तथा पोटाश का संतुलित उपयोग आवश्यक है। इसी उद्देश्य से ई-टोकन प्रणाली के तहत यूरिया क्रय करने के साथ सुपर फॉस्फेट, एन.पी.के. अथवा डी.ए.पी. में से किसी एक फॉस्फेटिक उर्वरक का चयन अनिवार्य किया गया है।

उन्होंने बताया कि जिले के सभी विकासखंडों में सुपर फॉस्फेट एवं एन.पी.के. उर्वरक पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं। वर्तमान में जिले में 10,463 मीट्रिक टन यूरिया, 5,850 मीट्रिक टन सुपर फॉस्फेट तथा 6,721 मीट्रिक टन एन.पी.के. का भंडारण उपलब्ध है, जिससे किसानों को उर्वरक उपलब्ध कराने में किसी प्रकार की कठिनाई नहीं है।

कृषि विभाग ने किसानों से अपील की है कि वे केवल यूरिया पर निर्भर न रहें, बल्कि संतुलित उर्वरक प्रबंधन अपनाकर फॉस्फेटिक उर्वरकों का भी उपयोग करें। इससे फसल की वृद्धि एवं उत्पादन में वृद्धि होती है, जबकि केवल यूरिया के अत्यधिक उपयोग से फसलों में कीट एवं रोगों का प्रकोप बढ़ने की संभावना रहती है।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
औद्योगिक क्षेत्र को सैलाना रोड से जोड़ने के लिए विद्यमान मार्ग का हो रहा उन्नयन

शासकीय कांकड़ की कच्ची सड़क को बनाया जा रहा है पक्का, निर्माण कार्य प्रगति पर

औद्योगिक क्षेत्र रतलाम को सैलाना रोड से जोड़ने के लिए शासकीय कांकड़ की विद्यमान कच्ची सड़क का उन्नयन कर उसे पक्का बनाया जा रहा है। इस कार्य के अंतर्गत किसी नए मार्ग का निर्माण नहीं किया जा रहा है, बल्कि पहले से मौजूद मार्ग का ही सुदृढ़ीकरण किया जा रहा है।
शासकीय कांकड़ की दोनों ओर निजी भूमि होने के कारण निर्माण कार्य विद्यमान मार्ग पर ही किया जा रहा है। निर्माण कार्य निर्धारित स्वीकृत डिज़ाइन एवं तकनीकी मानकों के अनुरूप किया जा रहा है।
सड़क निर्माण कार्य निरंतर प्रगति पर है। निर्माण क्षेत्र में उल्लेखित नलकूप शामिल नहीं है तथा निर्माण कार्य उससे प्रभावित नहीं हो रहा है। परियोजना पूर्ण होने पर औद्योगिक क्षेत्र की सैलाना रोड से बेहतर एवं सुगम कनेक्टिविटी सुनिश्चित होगी, जिससे आवागमन और औद्योगिक गतिविधियों को गति मिलेगी।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
स्कूली वाहनों में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन करें : अपर कलेक्टर श्री रावत

बरसात में पुल-पुलियों पर पानी होने पर स्कूली वाहन न निकालें

स्कूली बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कलेक्टर सभागार में जिले के स्कूल संचालकों एवं बस ऑपरेटरों की बैठक आयोजित की गई। बैठक में अपर कलेक्टर श्री बृजेंद्र रावत, सीएसपी, जिला परिवहन अधिकारी, जिला शिक्षा अधिकारी, डीसी होमगार्ड, ट्रैफिक पुलिस सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।

बैठक में निर्देश दिए गए कि सभी स्कूली वाहनों के दस्तावेज, फिटनेस, बीमा, परमिट, पीयूसी एवं अन्य आवश्यक अभिलेख अद्यतन रहें। बस चालक एवं परिचालक के पास वैध ड्राइविंग लाइसेंस तथा पुलिस सत्यापन होना अनिवार्य है। बसों में स्पीड गवर्नर, इमरजेंसी विंडो, पैनिक बटन, अग्निशमन यंत्र, फर्स्ट एड बॉक्स, सीसीटीवी कैमरे सहित सभी सुरक्षा उपकरण कार्यशील अवस्था में रहें।

निर्देश दिए गए कि बसों में क्षमता से अधिक बच्चों को नहीं बैठाया जाए तथा बच्चों को चालक के केबिन में न बैठाया जाए। बसों पर शिकायत नंबर, स्कूल बस का स्पष्ट उल्लेख एवं आवश्यक रिफ्लेक्टिव टेप लगाए जाएं। चालक एवं परिचालक निर्धारित वर्दी व नेम प्लेट पहनें तथा निर्धारित गति सीमा का पालन करें।

बैठक में विशेष रूप से वर्षा ऋतु के दौरान पुल-पुलियों अथवा रपटों पर पानी होने की स्थिति में किसी भी स्कूली वाहन को पार नहीं कराने के निर्देश दिए गए। अधिकारियों ने सभी स्कूल संचालकों एवं बस ऑपरेटरों से बच्चों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए निर्धारित सभी सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने को कहा।
<nis:link nis:type=tag nis:id=jansampark nis:value=JanSampark nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=ratlam nis:value=ratlam nis:enabled=true nis:link/>
Pro JS Ratlam (@projsratlam) | Public App