मकर संक्रांति के मौके पर डीडवाना के मंदिरों में विभिन्न धार्मिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस मौके पर पूरे दिन दान पुण्य का दौर चला। पंडित राम अवतार गांधी ने कहा कि यह उत्सव केवल परंपरा नहीं बल्कि ऋतु में मानवता की सेवा का संदेश है। उन्होंने कहा कि इस दिन के बाद सूर्य की किरणें सीधी पड़ने लगती है जिसे दिन बड़े होने लगते हैं एवं सर्दी कम होती है।