ग्राम विकास समिति के अध्यक्ष कोमल साहू, पेखराम साहू, रूपेन्द्र अडील,शिव दयाल साहू ने बताया कि सैकड़ो वर्ष पुराने यह बावड़ी विलुप्त की कगार पर था लेकिन मान्यता एवं प्राचीन स्थल के कारण अब फिर से संवारा जा रहा है। 23 जनवरी शुक्रवार को मंडई मेला के दिन रात्रि में मनोरंजन हेतु भूले बिसरे छत्तीसगढ़ी नाच पार्टी ग्राम मोगरापाली (महासमुंद) द्वारा प्रस्तुति दी जाएगी।