घटना के बाद तत्काल उन्हें CHC गुरुर लाया गया जहां इलाज के दौरान डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने बताया कि लगभग 15 वर्ष पूर्व सड़क हादसे में अनिल के पिता का भी निधन हो चुका है, ऐसे में वह एक राइस मिल में हमाली का काम करके घर की सारी जिम्मेदारी उठा रहा था। घर का एकलौता चिराग बुझने के बाद अब घर में उनकी एक अकेली मां पर दुखों का पहाड़ टूट गया है।