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शरद श्रीवास्तव

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राष्ट्रीय जागरण मंच के राष्ट्रीय अध्यक्ष व वरिष्ठ भाजपा नेता Manoj Kumar Srivastav जी के बारे आपकी क्या है राय क्या 2027 में इनको अवसर दिया जाना चाहिए Yes/No
2027 यूपी चुनाव में सभी दलों को लेकर आपकी क्या राय है ?
जबकि कुछ लोगो का कहना है कि इस बार मौसम विभाग ने चेतावनी जारी की है 😁
आज आदरणीय बड़े भैया Manoj Kumar Srivastav जी व आदरणीय बड़े भैया मनीष श्रीवास्तव जी सहित अन्य अभिन्न साथियों मित्रो से भेंट हुई आपका आशीर्वाद व मार्गदर्शन सदैव मिलता रहे 🙏 जय हिंद जय भारत जय श्री राम 🙏
जब तक बाप जीवित रहते है तब तक भाई भाई रहते है उसके बाद पटीदार बन जाते है True Or Wrong ⁉️
"बुरा जो देखन मैं चला, बुरा न मिलिया कोय। 
जो दिल खोजा आपना, मुझसे बुरा न कोय।।"
2027 विधानसभा चुनाव में नवाबगंज 268 विधानसभा बाराबंकी से वरिष्ठ भाजपा नेता जंगबहादुर पटेल भाजपा बाराबंकी के बारे मे आपके क्या विचार है, Please Comment Fast Bjp Barabanki BJP Uttar Pradesh BJP Delhi
आज अपने आवास पर सपरिवार बंधु बांधव के साथ भगवान श्री सत्यनारायण जी की व्रत कथा सुनी प्रसाद ग्रहण किया देखिए आंशिक वीडियो 🙏 <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsfacebook nis:value=viralreelsfacebook nis:enabled=true nis:link/>
प्रधानमंत्री श्री Narendra Modi आवास योजना में लाभार्थी के साथ किए जा रहे छल के खिलाफ वरिष्ठ भाजपा नेता Raja Kasim ने उठाई आवाज <nis:link nis:type=tag nis:id=बाराबंकी_जिलाधिकारी nis:value=बाराबंकी_जिलाधिकारी nis:enabled=true nis:link/> कार्यालय पर अतिरिक्त मजिस्ट्रेट से की लिखित व मौखिक शिकायत कृपया उत्तर प्रदेश के यशस्वी मुख्यमंत्री श्री MYogiAdityanath जी ले इस विषय पर संज्ञान 🙏
इस बात में कितनी सत्यता है आप भी दीजिए अपना जवाब
भगवान ने हमें क्या दिया और हम क्या कर रहे हैं?
भगवान ने इस सृष्टि की रचना की। इंसान बनाए, जीव-जंतु बनाए, पेड़-पौधे और वनस्पतियां बनाईं। केवल सृष्टि की रचना ही नहीं की, बल्कि उसे जीवन देने के लिए स्वयं को पंचतत्वों में विभक्त कर दिया।
हमारी आस्था और सांस्कृतिक व्याख्या में ‘भगवान’ शब्द को पंचतत्वों से जोड़कर भी देखा जाता है—भ से भूमि, ग से गगन यानी आकाश, वा से वायु, अ से अग्नि और न से नीर अर्थात जल। ये वही पांच तत्व हैं जिनसे हमारा शरीर और यह संसार बना है।
जरा विचार कीजिए—भगवान ने हमसे क्या लिया? कुछ भी नहीं। बल्कि स्वयं को विभक्त करके हमें त्याग का अर्थ समझाया। धरती सबका भार उठाती है, आकाश सबको स्थान देता है, वायु बिना भेदभाव के सबको जीवन देती है, अग्नि ऊर्जा देती है और जल सबकी प्यास बुझाता है। प्रकृति का प्रत्येक तत्व हमें देने की शिक्षा देता है, लेने की नहीं।
इसके बाद भगवान ने मनुष्य को केवल जीवन ही नहीं दिया, बल्कि जीवन जीने की कला भी दी। परिवार दिया, ताकि मनुष्य अकेला न रहे; समाज दिया, ताकि वह मिल-जुलकर आगे बढ़े; और राष्ट्र दिया, ताकि उसमें एकता, जिम्मेदारी और कर्तव्य की भावना पैदा हो।
समय-समय पर भगवान के विभिन्न अवतारों और धार्मिक शिक्षाओं के माध्यम से मनुष्य को सत्य, नेकी, त्याग, करुणा, समानता, एकता और परोपकार का मार्ग दिखाया गया। संदेश यही था कि मनुष्य केवल अपने लिए न जिए, बल्कि उसके जीवन से दूसरों का भी कल्याण हो।
लेकिन आज हमें स्वयं से एक सवाल पूछने की आवश्यकता है—क्या हम भगवान की बताई राह पर चल रहे हैं?
हम मंदिरों में जाते हैं, पूजा करते हैं, धार्मिक आयोजन करते हैं, भगवान का नाम लेते हैं; लेकिन क्या हमारे व्यवहार में सत्य है? क्या हमारे भीतर दूसरों के लिए करुणा है? क्या हम जरूरतमंद के साथ खड़े होते हैं? क्या हम अपने स्वार्थ से ऊपर उठकर समाज और राष्ट्र के बारे में सोचते हैं?
कहीं ऐसा तो नहीं कि हमने भगवान को याद करने का तरीका तो सीख लिया, लेकिन भगवान की शिक्षा पर चलना भूल गए?
आज इंसान धन, पद, प्रतिष्ठा और अहंकार के पीछे इतना भाग रहा है कि कई बार उसे लगता है कि वही सबसे बड़ा है। जबकि जिस मिट्टी पर वह खड़ा है, जिस हवा में सांस लेता है, जिस पानी को पीता है और जिस अग्नि से ऊर्जा पाता है—उस पर उसका कोई अधिकार नहीं, वह तो उसे प्रकृति की ओर से मिली अमूल्य देन है।
भगवान ने स्वयं को पंचतत्वों में बांटकर हमें बताया कि महानता अपने लिए सब कुछ जुटा लेने में नहीं, बल्कि दूसरों के लिए कुछ बन जाने में है।
इसलिए भगवान को केवल मंदिरों में खोजने के बजाय उनके बताए रास्ते पर चलना जरूरी है। किसी भूखे को भोजन देना, किसी दुखी के आंसू पोंछना, किसी जरूरतमंद का सहारा बनना, किसी के साथ अन्याय न करना, प्रकृति की रक्षा करना और समाज में प्रेम व भाईचारा बढ़ाना—शायद यही सच्ची भक्ति का सबसे सुंदर रूप है।
आखिर में हमें इतना ही समझना होगा कि भगवान ने हमें मनुष्य का जीवन इसलिए नहीं दिया कि हम दूसरों को छोटा समझें, बल्कि इसलिए दिया कि हम अपने कर्मों से मानवता को बड़ा बनाएं।
भगवान ने हमें जीवन दिया, प्रकृति दी, परिवार दिया, समाज दिया और सही-गलत पहचानने की बुद्धि दी। अब यह हमारी जिम्मेदारी है कि हम उनके दिए जीवन का उपयोग केवल अपने स्वार्थ के लिए करें या पूरी मानवता के कल्याण के लिए।
सच्ची पूजा शायद वही है, जिसमें माथा भगवान के सामने झुके और व्यवहार इंसान के काम आए। <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsfacebook nis:value=viralreelsfacebook nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsinstagram nis:value=viralreelsinstagram nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=kayasthaworld nis:value=kayasthaworld nis:enabled=true nis:link/> Ranjeet Bahadur Manoj Kumar Srivastav Harihar Kumar Srivastava Sharad Srivastava
दुनिया का सबसे छोटा मुल्क एक है ⁉️ वो है आपका दिल 💕 जहां के इकलौते व्यक्ति आप हो
सबसे नहीं कहता मुझसे दोस्ती निभाओ क्योंकि काँटो पर चलना हर किसी के लिए मुनासिब नहीं है, जो काँटों पर चलकर मंजिल पाते है उन्हें ही जीत की कद्र होती है जो फोकट में लक्ष्य पा जाए उन्हें संघर्ष की परवाह ही नहीं होती है
भगवान को अपनी जरूरत का साधन नहीं, जीवन का मार्गदर्शक बनाइए
आज के समय में कुछ लोग धर्म, पूजा-पाठ और आस्था का सहारा लेकर समाज में अपनी छवि तो बना लेते हैं, लेकिन उनके कर्म उनकी कथनी से बिल्कुल अलग होते हैं। जुबान पर भगवान का नाम और मन में स्वार्थ—ऐसा दिखावा आखिर कब तक चलेगा?
भगवान की पूजा करना बुरी बात नहीं, बल्कि सच्ची श्रद्धा इंसान को विनम्र, दयालु और परोपकारी बनाती है। लेकिन यदि पूजा केवल अपनी जरूरत पूरी कराने, धन-दौलत और सुख-सुविधाएं हासिल करने या लोगों को प्रभावित करने का माध्यम बन जाए, तो फिर वह आस्था नहीं, दिखावा बन जाती है।
भगवान को अपनी जरूरत के समय याद करना आसान है, लेकिन भगवान के बताए रास्ते पर चलना कठिन। सच्ची भक्ति मंदिर में सिर झुकाने के साथ-साथ उस इंसान के साथ खड़े होने में है जिसे हमारी मदद की जरूरत है। भूखे को भोजन, दुखी को सहारा, कमजोर के लिए आवाज और जरूरतमंद के लिए सहयोग—यही तो मानवता की असली पूजा है।
किसी को धोखा देकर, झूठ बोलकर या दूसरों का हक मारकर हासिल की गई दौलत चाहे कितनी भी बड़ी क्यों न हो, वह मन को सच्चा सुख नहीं दे सकती। क्योंकि ईश्वर के सामने दिखावे की नहीं, कर्मों की कीमत होती है।
कहा भी जाता है कि भगवान उनका साथ देते हैं जो दूसरों के लिए खड़े होते हैं। इसलिए भगवान को अपनी स्वार्थपूर्ति का साधन बनाने के बजाय उन्हें अपने चरित्र का मार्गदर्शक बनाइए।
पूजा-पाठ से पहले अपने कर्मों को पवित्र कीजिए,
मंदिर जाने से पहले अपने व्यवहार को बेहतर कीजिए,
और भगवान से मांगने से पहले किसी जरूरतमंद के लिए कुछ करने का प्रयास कीजिए।
क्योंकि सच्ची आस्था वह नहीं जो केवल हाथ जोड़ना सिखाए, बल्कि वह है जो दूसरों के लिए हाथ बढ़ाना सिखाए।
अंततः यही कहना है—
भगवान को अपनी जरूरत में इस्तेमाल मत कीजिए,
बल्कि अपने जीवन को ऐसा बनाइए कि जरूरत के समय कोई इंसान आपको भगवान का भेजा हुआ सहारा समझे।
इस वर्ष बाराबंकी धनोखर चक्रतीर्थ व्यासपीठ पर भगवान श्री कृष्ण जन्माष्टमी पर फिर होगा भव्य आयोजन जिसको लेकर इस शनिवार 22 अगस्त 2026 को होगी सायंकाल 06 बजे बैठक 🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏
प्रसिद्ध भारतीय फिल्म अभिनेता शरत सक्सेना जी को जन्मदिन की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई 💐💐💐💐
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आप सभी को पावन पर्व नागपंचमी व गुड़िया की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsfacebook nis:value=viralreelsfacebook nis:enabled=true nis:link/> Ranjeet Bahadur Sharad Srivastava Harihar Kumar Srivastava Shyam Kumar Srivastava Chandan Ramayani Vinay Srivastava Ratnesh Kumar Srivastav Bjp Barabanki Ashutosh Krishna Srivastava Nitesh Srivastava
UP 41 बाराबंकी शहर वासियों ने महादेवा में जा रहे कांवड़ियों के लिए किया विशाल भव्य भंडारे का आयोजन Mohit Kashyap Mohit Kashyap सहित तमाम लोगों ने की सहभागिता देखिए पूरा वीडियो
अमीरी और गरीबी का विभाजन जानते हम थे, ये चमचो अंधभक्तो में कहां से बंट गया भारत Ranjeet Bahadur <nis:link nis:type=tag nis:id=वंदे_मातरम् nis:value=वंदे_मातरम् nis:enabled=true nis:link/> Harihar Kumar Srivastava 🙏🌹
आज फिर तुमपे प्यार आया है बेहद और बेशुमार आया है <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsfacebook nis:value=viralreelsfacebook nis:enabled=true nis:link/> Sharad Srivastava <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsinstagram nis:value=viralreelsinstagram nis:enabled=true nis:link/> Manoj Kumar Srivastav Ranjeet Bahadur Shyam Kumar Srivastava Harihar Kumar Srivastava Vinay Srivastava Raja Kasim Ratnesh Kumar Srivastav Sonam Sonam Nitesh Srivastava Ashutosh Krishna Srivastava
सांप पालो घड़ियाल पालो इनसे डरो तो बिल्ली पाल लो 😁 लेकिन ये बहम न पालो कि कोई कल चुनाव लड़कर जीतकर तुम्हे पालेगा 😁😁 अपना हाथ जगन्नाथ 👏 समय बरबाद न करो मित्रों
दिनांक 17 अगस्त 2026 दिन सोमवार को पड़ने वाले श्रावण मास के पावन पवित्र पर्व गुड़िया एवं नागपंचमी की आपको हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई 🌹 ॐ नमः शिवाय 🙏
बाराबंकी 268 विधानसभा दरामनगर पी आर चिल्ड्रेन अकादमी स्कूल में 15 अगस्त 2026 को कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पहुंचे भाजपा बाराबंकी जिला उपाध्यक्ष जंगबहादुर पटेल भाजपा बाराबंकी वही मिशन दा सरदार पटेल संगठन के जिला अध्यक्ष Arun Kumar Verma ने धूमधाम से किया आयोजन
भारत माता की जय वंदे मातरम जय हिन्द जय भारत <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsfacebook nis:value=viralreelsfacebook nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=viralreelsinstagram nis:value=viralreelsinstagram nis:enabled=true nis:link/> Sharad Srivastava Manoj Kumar Srivastav Harihar Kumar Srivastava Shyam Kumar Srivastava Vinay Srivastava
बाराबंकी शहर धनोखर चौराहे तक स्थित हिन्दी पुस्तकालय व डीएवी स्कूल सहित तमाम प्रतिष्ठानों पर धूमधाम से मनाया गया राष्ट्रीय महापर्व स्वतंत्रता दिवस हुए सांस्कृतिक कार्यक्रम
स्वतंत्रता दिवस पर आपको सपरिवार हार्दिक शुभकामनाएं