आऊ कस्बे में यातायात व्यवस्था बिगड़ी हुई है। जिससे चलते आमजन के साथ दुपहिया वाहन चालकों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। आऊ उपखंड मुख्यालय होने के साथ-साथ यहां पर रोजाना 30 से 40 गांव के ग्रामीण खरीदारी करने आते हैं। जिससे यहां रोजाना सैकड़ों वाहनों का आवागमन रहता है।