नई ट्रेन नहीं, 100 साल पुरानी रेल को दिखाई हरी झंडी; भाजपा पर बरसे राज्यसभा सांसद अनुराग शर्मा
धर्मशाला। पठानकोट-जोगिंदरनगर रेल सेवा के आंशिक रूप से बहाल होने के बाद अब इसके उद्घाटन को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है,राज्यसभा सांसद अनुराग शर्मा ने भाजपा पर निशाना साधते हुए सवाल उठाया कि वर्षों से चल रही कांगड़ा घाटी रेल को हरी झंडी दिखाकर उद्घाटन करना किस प्रकार उचित है। उन्होंने कहा कि चक्की पुल क्षतिग्रस्त होने और रेलवे ट्रैक को हुए नुकसान के कारण रेल सेवा लंबे समय तक प्रभावित रही। पुल का निर्माण कार्य पूरा होने के बावजूद ट्रेन संचालन बहाल होने में देरी हुई। इस दौरान कांगड़ा घाटी रेलवे संघर्ष समिति लगातार आंदोलन करती रही और वे स्वयं भी समिति के साथ प्रदर्शन में शामिल हुए थे।
अनुराग शर्मा ने कहा कि पठानकोट से जोगिंदरनगर तक पहले सात ट्रेनें संचालित होती थीं, जबकि वर्तमान में केवल दो ट्रेनों का संचालन शुरू किया गया है। उन्होंने कहा कि शेष ट्रेनों को भी जल्द शुरू करवाने के लिए रेलवे मंत्रालय से मुलाकात की जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर आंदोलन का रास्ता भी अपनाया जाएगा।
राज्यसभा सांसद ने कहा कि कांगड़ा घाटी रेल लाइन का निर्माण ब्रिटिश शासनकाल में वर्ष 1926 से 1929 के बीच हुआ था और तब से यह रेल सेवा क्षेत्र के लोगों के लिए जीवनरेखा बनी हुई है। उन्होंने भाजपा पर तंज कसते हुए कहा कि कोई नई रेल सेवा शुरू नहीं की गई, बल्कि वर्षों पुरानी ट्रेन को हरी झंडी दिखाकर उसका श्रेय लेने का प्रयास किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि यह रेल सेवा कांगड़ा घाटी के लोगों के लिए महत्वपूर्ण यातायात साधन है और जब तक सभी सात ट्रेनें पुनः शुरू नहीं हो जातीं, तब तक इस मुद्दे को लगातार उठाया जाता रहेगा।
Solan, Solan | Jun 9, 2026